गौरा देवी कन्या धन योजना सामान्य, अनुसूचित और जनजाति की इंटरमीडिएट पास कर चुकी छात्राओं के लिए है। छात्राओं को उच्च शिक्षा के लिए 50 हजार की एनएससी या एफडी दी जाती है।
एफडी या एनएससी तीन या पांच वर्षों के लिए होती है। इस पर चार प्रतिशत की ब्याज दर पर 75 प्रतिशत (37,500 रुपये) तक का लोन लिया जा सकता है। खास बात यह है कि लोन की किस्त एफडी या एनएससी पर मिलने वाले ब्याज से कटेगी। छात्रा मूल रूप से उत्तराखंड की होनी चाहिए।
एक माता-पिता की दो कन्याओं को ही योजना का लाभ मिलेगा। परिवार बीपीएल श्रेणी में होना चाहिए। ग्रामीण क्षेत्र में परिवार की प्रतिवर्ष की आमदनी 15 हजार 976 रुपये और शहरी क्षेत्र में 21 हजार 206 रुपये होनी चाहिए।
विद्यालय के प्राचार्य छात्रा से आवेदन भराएंगे और बोर्ड से रोल नंबर (इंटरमीडिएट परीक्षा के लिए) मिलने पर फार्म में अंकित करना होगा।
आवेदन पत्र खंड विकास अधिकारी के पास जाएगा और इंटरमीडिएट की मार्कशीट और आय प्रमाण पत्र, बीपीएल कार्ड लगने के बाद आवेदन पत्र को जिला समाज कल्याण अधिकारी को भेजा जाएगा। जिला समाज कल्याण अधिकारी जिलाधिकारी की अध्यक्षता वाली कमेटी को आवेदन भेजेंगे और शासन स्वीकृति देगा।