फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मेथीशाह नाले में पानी का दस साल का रिकॉर्ड टूटा

Fri, 22 Jul 2016 12:49 AM IST
kaladhungi
विज्ञापन
उफान पर मेथीशाह नाला - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
 बृहस्पतिवार सुबह हुई भारी बारिश से मेथीशाह नाला उफान पर आ गया। इस कारण रामनगर-बाजपुर-हल्द्वानी मुख्य हाइवे करीब तीन घंटे तक बंद रहा। स्थानीय लोगों के मुताबिक नाले ने पिछले दस साल का रिकार्ड तोड़ दिया। दस साल पहले आए नाले ने तब गांव में भारी मात्रा में भू-कटाव किया था। नाले का रौद्र रूप देख नाले के आसपास निवास कर रहे लोग दहशत में आ गए। 
विज्ञापन


मौसम ने एक बार फिर से करवट बदली और झमाझम बारिश हुई। हर बरसात में उफान पर आने वाला मेथीशाह नाले में सुबह इतना पानी आया कि रामनगर-बाजपुर-हल्द्वानी हाइवे करीब तीन घंटे तक बंद रहा। नाले का पानी छोटी हल्द्वानी गांव के कई घरों में घुस गया। खेत तालाबों में तब्दील हो गए। उफनते नाले ने गांव में कई ग्रामीणों की कृषि भूमि में भी भारी कटाव हुआ है। 

उधर, कोटाबाग ब्लॉक के सौनजाला में भूपाल सिंह, गोपाल सिंह, बालम सिंह, सोबन सिंह, राजन सिंह, भगत सिंह आदि के घरों में बारिश का पानी घुसने से घर का सारा सामान खराब हो गया। ग्राम प्रधान बसंती देवी ने बताया कि बारिश से पहाड़ों को जाने वाले रास्तों में मलबा भर गया है। वही, कमोला, धमोला में पेयजल आपूर्ति करने वाले फागुलपानी जल स्रोत से आने वाली पेयजल लाइन बह गई है। इसके अलावा कमोला ग्राम सभा को जाने वाला कच्चा रास्ता भी बह गया है। वहीं, पदम सिंह व मुकुंद राम के मकान को खतरा पैदा हो गया है। जोगा राम, गंगा सिंह चौहान, देव सिंह, गोपाल सिंह, खुशाल सिंह, आदि के खेतों में मलबा आने से फसल बर्बाद हो गई है। प्रभावित किसानों ने नुकसान के उचित मुआवजा की मांग की है। 
विज्ञापन


एसडीएम, कालाढूंगी अशाेक जाेशी ने कहा ‌कि मेथीशाह नाले में सुबह जबर्दस्त पानी आया। इससे ग्रामीणों की जमीन और घरों के सामान को काफी नुकसान पहुंचा है। नाले के आसपास बसे कुछ लोगों के घरों को भी क्षति पहुंची है। रिपोर्ट तैयार की जा रही है। 
विज्ञापन

 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें