ज्योलीकोट (नैनीताल)। देश के लिए जान कुर्बान करने वाले शहीदों के बलिदान को अमर रखने के लिए नेताओं और विधायकों की ओर से बड़े-बड़े वादे तो कर दिए जाते हैं लेकिन बाद में उन्हें अमल में लाने के बाद सभी भूल जाते हैं। इसी तरह का मामला ग्रामसभा चोपड़ा का है जहां शहीद हीरा बल्लभ भट्ट की स्मृति में नलेना चोपड़ा मोटर मार्ग पर हरीश भट्ट स्मृति द्वार बनाने की घोषणा छह साल बाद भी पूरी नहीं हुई है। इससे शहीद के परिजन नाखुश हैं। उनका कहना है कि आख़िर स्मृति द्वार कब बनेगा। बता दें कि 11 मार्च 2017 को सुकमा छत्तीसगढ़ में हुए हमले में सीआरपीएफ में बतौर एएसआई तैनात हरीश भट्ट निवासी चोपड़ा शहीद हुए थे। स्मृति द्वार बनाने के लिए मुख्यमंत्री पोर्टल/हेल्पलाइन, सांसद और रक्षा राज्यमंत्री अजय भट्ट, विधायक बंशीधर भगत सहित संबंधित विभागों को कई बार पत्राचार किया जा चुका है लेकिन कोई भी इसे गंभीरता से नहीं ले रहा है।
कभी बजट की कमी और कभी अन्य कारण बताकर टालमटोल किया जा रहा है। परिजनों को इस बात की पीड़ा है कि आख़िर शहीद के प्रति सम्मान व्यक्त करने का कैसा तरीका है। घनानंद भट्ट (शहीद के बड़े भाई)
स्मृति द्वार छह साल बाद भी नहीं बन पाना बेहद कष्टदायक है। स्मृति द्वार बनने से शहीद के प्रति सम्मान भी होगा और समाज और आने वाली पीढ़ी को भी इससे प्रेरणा मिलेगी। स्मृति द्वार को जल्द बनाना चाहिए। समता भट्ट (शहीद की पत्नी/वीरांगना)