रामनगर। इको सेंसिटिव जोन विरोधी संघर्ष समिति उत्तराखंड उच्च न्यायालय द्वारा कॉर्बेट नेशनल पार्क अन्य पार्क, सेंचुरी की 10 किमी बाह्य सीमा को इको सेंसिटिव जोन घोषित करने के निर्णय के खिलाफ सर्वोच्च न्यायालय में अपील करेगी। समिति के संयोजक ललित उप्रेती ने बताया कि वन भूमि पर रहने वाले लोगों को मालिकाना हक दिलाने, आबादी में आ रहे जंगली जानवरों को मारने का अधिकार जनता को दिलाने, इको सेंसिटिव जोन रद्द करने को लेकर समिति का संघर्ष जारी रहेगा।
उन्होंने केंद्र, राज्य सरकार पर न्यायालय में कमजोर पैरवी करने का आरोप लगाया। इसे जनहित पर कुठाराघात बताया। समिति के सहसंयोजक महेश जोशी ने कहा कि 10 किमी का क्षेत्र इको सेंसिटिव जोन घोषित करने से क्षेत्र का विकास बुरी तरह से बाधित हो जाएगा।