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डॉक्टर से की अभद्रता, ओपीडी बंद कराने की कोशिश

Sun, 17 Sep 2017 02:12 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो हल्द्वानी
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आरोपी कांग्रेसी नेता - फोटो : amar ujala
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सुशीला तिवारी अस्पताल के बाद अब सोबन सिंह जीना बेस अस्पताल में भी नेताओं की दबंगई सामने आई है। मरीजों को देख रहे डॉक्टर से कांग्रेस नेता ने अभद्रता की और ओपीडी जबरन बंद कराने की कोशिश की।
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इस मामले में कार्रवाई की मांग को लेकर डॉक्टरों ने जब हड़ताल की चेतावनी दी तो कोतवाली पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया। बता दें कि इससे पहले धारचूला विधायक हरीश धामी ने सुशीला तिवारी अस्पताल में इसी तरह का बवाल काटा था। 

सोबन सिंह जीना बेस अस्पताल की ओपीडी नंबर 14 में डॉ. एमए खान मरीजों का इलाज कर रहे थे। भीड़ होने के कारण डॉक्टर क्रम से मरीजों का परीक्षण कर रहे थे। डॉक्टर का आरोप है कि कतार को तोड़कर कांग्रेस नेता इशरत अली ओपीडी में समर्थकों के साथ घुसने लगे।
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इस बीच काफी देर से लाइन में खड़े मरीजों ने आपत्ति जताई, लेकिन कांग्रेस नेता ने किसी की नहीं सुनी। वह ओपीडी बंद कराने की धमकी देने लगे। इधर, मरीज डॉक्टर से इलाज करने के लिए दबाव बना रहे थे। डॉक्टर की मानें तो नेता ने उसके साथ गाली गलौच की और धमकी दी।

इस कारण डॉक्टर ओपीडी से निकल गए। घटना की जानकारी मिलने के बाद डॉक्टरों ने बैठक की और उच्चाधिकारियों से हड़ताल पर जाने की चेतावनी दी। घटना की सूचना मिलने के बाद कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने समझाकर लोगों को शांत किया।

एसएसआई मनोहर सिंह दसौनी का कहना है कि इस मामले में डॉक्टर की तहरीर पर कांग्रेस नेता इशरत अली के खिलाफ धारा 181, 353, 504, 506 के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। 

डॉक्टर ने कोतवाल से मांगी सुरक्षा 

बेस अस्पताल के डॉक्टर एमए खान ने कोतवाल को पत्र लिखकर अवगत कराया है कि इस घटना से अस्पताल के कर्मचारियों में भय का माहौल हो गया है। मरीजों का उपचार करने और खुद को सुरक्षित रखने के लिए उनको सुरक्षा की आवश्यकता है। 

आरोपियों के खिलाफ होगी कार्रवाई 

एसएसपी जन्मेजय खंडूरी ने कहा कि किसी डॉक्टर के खिलाफ अभद्रता बर्दाश्त नहीं होगी। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है। इधर, सिटी मजिस्ट्रेट पंकज उपाध्याय का कहना है कि घटना के बाद डॉक्टरों ने उनको जानकारी नहीं दी थी। सूचना मिलने पर वह तत्काल कार्रवाई करने के लिए आ सकते थे। अस्पताल को आंदोलन स्थल नहीं बनाया जा सकता है। 

दबंगई के बाद नेतागिरी शुरू 

डाक्टर से दबंगई करने के आरोपी कांग्रेस अल्पसंख्यक विभाग के वरिष्ठ उपाध्यक्ष सैय्यद इशरत अली ने बेस अस्पताल की समस्याओं को लेकर धरना प्रदर्शन किया। आरोप लगाया कि अस्पताल में एक सर्जन भी नहीं है।

यहां दूरदराज से काफी मरीज आते हैं। अस्पताल के कर्मचारियों का आरोप था कि नेता ने दबंगई के बाद नेतागिरी शुरू कर दी है। कांग्रेस नेता का आरोप है कि गरीब मरीजों को इलाज के लिए निजी अस्पतालों का सहारा लेना पड़ता है। बेस अस्पताल में मशीन है, लेकिन उसे कोई चलाने वाला नहीं है।

फिजिशियन के नाम पर सिर्फ एक डॉक्टर की तैनाती है। धरना प्रदर्शन करने वालों में हाजी उस्मान अंसारी, अताउल्लाह खान, हाजी असलम, जहांआरा, मोहम्मद अनीस, आदि मौजूद थे। 
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