कुत्ते के काटने से दसवीं के छात्र की मौत हो गई। इस छात्र को पांच माह पहले कुत्ते ने काटा था, लेकिन लापरवाही बरतने की वजह से उसके शरीर में रैबीज फैल गया। जब उपचार कराया तब तक काफी देर चुकी थी और मंगलवार रात बरेली के अस्पताल में इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
तराई पश्चिमी वन प्रभाग के रामनगर रेंज में कार्यरत फॉरेस्ट गार्ड राजेंद्र सिंह रावत के पुत्र गौरव रावत (16) को दिसंबर में वन परिसर कंपाउंड में खेलते समय आवारा कुत्ते ने काट लिया था। गौरव ने इसकी जानकारी परिजनों को नहीं दी। नतीजतन गौरव के शरीर में धीरे-धीरे रैबीज फैलता गया। दस मई को उसकी हालत अचानक खराब हुई तो परिजन उसे संयुक्त चिकित्सालय ले गए, जहां से उसे सुशीला तिवारी हल्द्वानी के लिए रेफर किया गया। यहां भी हालत में सुधार नहीं हुआ तो फिर बरेली के राममूर्ति अस्पताल में भर्ती कराया, जहां मंगलवार रात उसने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।
बुधवार सुबह जब शव लेकर परिजन घर पहुंचे तो पूरे वन परिसर में मातम छा गया। मां श्रुति रावत एवं बहन गरिमा का रो-रोकर बुरा हाल था। बाद में गौरव का अंतिम संस्कार किया गया। वहीं, देर शाम तराई पश्चिमी वन प्रभाग के डीएफओ हिमांशु बागरी, एसडीओ कलम सिंह बिष्ट ने भी छात्र के घर पहुंचकर शोक संवेदना व्यक्त की।
हाईस्कूल पास होने पर पिता ने स्कूटी दिलाई थी
गौरव रावत गार्डन वैली स्कूल में सीबीएसई दसवीं का छात्र था। उसने 78.4 प्रतिशत अंकों के साथ दसवीं की परीक्षा उत्तीर्ण की थी। अच्छे नंबरों से पास होने पर पिता ने उसे स्कूटी भी दिलाई थी।