हल्द्वानी। आईजी रेंज पूरन सिंह रावत ने कुमाऊं परिक्षेत्र के भूमि विवाद के मामलों की समीक्षा करने के बाद विवेचनाओं को दो माह में निस्तारित करने के निर्देश दिए। बताया कि दो से अधिक मामलों में वांछित पेशेवर ठगों को चिन्हित कर पुलिस गैंगेस्टर की कार्रवाई करेगी।
कैंप कार्यालय में आईजी ने सोमवार को कुमाऊं के पुलिस अधिकारियों की बैठक बुलाई। समीक्षा के दौरान पाया गया कि भूमि की खरीद-फरोख्त में हुई धोखाधड़ी से संबंधित 14 मुकदमों की विवेचना की जा रही है। पुलिस अन्य 28 प्रार्थना पत्रों की जांच कर रही है। कहा कि मुकदमे की विवेचना के लिए डेढ़ या दो माह तक समय काफी है। भूमि की खरीद फरोख्त में हुई धोखाधड़ी से संबधित 28 लंबित प्रार्थना पत्रों में से तीन प्रकरणों में कोई कार्रवाई न होने पर आईजी ने नाराजगी जताई। बताया गया कि एसआईटी प्रत्येक शिकायतों की गंभीरता से जांच करती है। इसमें स्थानीय पुलिस को कार्रवाई के साथ आम जनता को जागरूक करने की जरूरत है। आगामी बकरीद पर्व के मद्देनजर कुमाऊं परिक्षेत्र के सभी सीओ को विशेष सतर्कता बरतने के साथ शांति व्यवस्था बनाने की सलाह दी। समीक्षा बैठक में रुद्रपुर एएसपी देवेंद्र सिंह पींचा, हल्द्वानी के एसपी सिटी अमित श्रीवास्तव, रानीखेत के सीओ बीर सिंह, एसआईटी प्रभारी नरेश चंद्र के साथ एसआईटी की पूरी टीम थी।