हल्द्वानी। जांच रिपोर्ट में दुकानों का प्रयोग बदलकर दुकान चलने की बात सामने आने के बावजूद रोडवेज प्रबंधन द्वारा संबंधितों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। अमर उजाला द्वारा खबर छापने के बाद चार दिन दुकानें बंद रहीं लेकिन रविवार को फिर दो पीसीओ और नींबू पानी का एक ठेला दोबारा लग गया।
जांच अधिकारी डीएन जोशी ने रोडवेज में दुकानों की जांच की थी। जांच में तीन दुकानों को छोड़कर नौ दुकानें प्रयोग बदलकर चलते पाई गई थी। जांच अधिकारी के मौखिक आदेश के बाद से यह दुकानें बंद थी। वहीं दुकानों के बगल में लगे अवैध ठेले भी जांच के दौरान अपना सामन ढककर वहां से गायब हो गए थे। जांच के दौरान ही रोडवेज के एक कर्मचारी का नाम इन दुकानों से वसूली करने में सामने आया था। यह दुकानें चार दिन बंद रहीं। पांचवें दिन रविवार को दो अवैध ठेले और दो पीसीओ फिर खुल गए। पीसीओ की दुकान में फिर मोबाइल का समान बिकने लगा। जांच अधिकारी से पूछने पर उन्होंने रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को देने की बात कही। उधर सूत्रों की मानें तो इस मामले में बड़े राजनेता अधिकारियों पर कार्रवाई न करने का दबाव बना रहे हैं। इसी दबाव के चलते जांच रिपोर्ट में अनियमितता पकड़े जाने के बाद भी अधिकारी कार्रवाई करने से बच रहे हैं। चार दिन से रोडवेज स्टेशन से अवैध ठेले नहीं हटाए गए हैं।
किसके दबाव में नहीं हो रही कार्रवाई, अधिकारी कार्रवाई से क्यों बच रहे हैं
पांचवें दिन तीन अवैध दुकानें खुली, खुलेआम नियमों का उल्लंघन हुआ
आरएम रविवार को खुद रहे रोडवेज स्टेशन में फिर भी नहीं की कार्रवाई
हल्द्वानी। रोडवेज के आरएम कुशीराम खुद हल्द्वानी रोडवेज स्टेशन में मौजूद रहे, लेकिन उन्होंने भी इन दुकानों में कार्रवाई करना तो दूर खुली दुकानों को बंद करने की जहमत नहीं उठाई। ठेलों को भी रोडवेज स्टेशन से नहीं हटाया गया है।