कांग्रेस अभी भी अपने बागी विधायकों के वापस लौटने के इंतजार में है। प्रदेश अध्यक्ष किशोर उपाध्याय का कहना है कि नौ में से छह विधायक उनके संपर्क में हैं तथा 28 तारीख को कांग्रेस के पक्ष में मतदान करेंगे। उनका कहना है कि सुबह का भूला शाम को घर लौट आएगा तो उसे गलत नहीं कहा जाएगा।
यह दावा कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष उपाध्याय ने मंगलवार को यहां स्वराज आश्रम में प्रेस कांफ्रेंस में किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के पास पहले भी बहुमत था, अभी भी है और 28 मार्च को भी साबित कर देंगे। कहा कि वर्ष 2017 और वर्ष 2022 में भी कांग्रेस सत्ता में वापस आएगी। प्रदेश अध्यक्ष ने हरीश रावत सरकार को अस्थिर करने की कोशिश करने वालों को ‘महापाप’ करने की संज्ञा दी है।
पत्रकारों ने जब उनसे यह सवाल किया कि यह महापाप तो कांग्रेस के ही विधायकों द्वारा किया गया तो प्रदेश अध्यक्ष ने गोलमोल जवाब देते हुए कहा महापाप का षड़यंत्र रचने वाले तो भाजपा के ही थे। इसलिए महापाप करने और इसका षड़यंत्र रचने वाले लोगों को जनता के बीच बेनकाब किया जाएगा। भाजपा ने यह षड़यंत्र उत्तराखंड में ही नहीं किया बल्कि इससे पहले बिहार, मणिपुर और अरुणाचल प्रदेश में भी कर चुकी है मगर भाजपा को मुंह की ही खानी पड़ी तथा उत्तराखंड में भी भाजपा का यही हाल होगा।
यही वजह है कि हताशा के कारण कांग्रेस समर्थकों के यहां मोदी सरकार आयकर की रेड पड़वा रही है। उन्होंने कहा, कांग्रेस संगठन ने फैसला किया है कि 26 मार्च को पूरे प्रदेश में ग्राम, ब्लाक, नगर और जिलास्तर पर कार्यकर्ताओं द्वारा महा संकल्प पदयात्रा एवं मशाल जुलूस निकाला जाएगा। जरूरत पड़ने पर कांग्रेस इस महापाप का पर्चा भी छपवाकर जनता में बंटवाएगी। उन्होंने कहा कि विजय बहुगुणा, हरक सिंह रावत को कांग्रेस ने क्या कुछ नहीं दिया लेकिन इन्होंने पार्टी की पीठ में छुरा भोंकने का काम किया है।
बागी नौ विधायकों के खिलाफ अब तक पार्टी संगठन की ओर से कोई कार्रवाई न होने के सवाल पर प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि इसकी एक प्रक्रिया है, इसके पूरा हुए बगैर कुछ नहीं किया जा सकता। बोले, कांग्रेस विधायक विधान मंडल दल की ओर से अभी उनके पास कोई संस्तुति नहीं आई है, जब संस्तुति आएगी तभी कार्रवाई हो सकती है। उन्होंने केंद्र सरकार पर आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री हरीश रावत और प्रदेश अध्यक्ष (स्वयं) का फोन टैप किया जा रहा है। इस दौरान प्रदेश प्रवक्ता दीपक बल्यूटिया, जिलाध्यक्ष सतीश नैनवाल, महानगर अध्यक्ष हरीश मेहता, प्रयाग भट्ट मौजूद थे।