नैनीताल। नैनीताल में सर्दियां शुरू हो चुकी हैं और सुबह शाम खासी ठंड पड़ रही है। ऐसे में यहां स्थित उच्च स्थलीय प्राणी उद्यान में रह रहे प्राणियों को ठंड से बचाने के लिए उनके बैठने के लिए हल्दू घास और लकड़ी का बुरादा डाला गया है और उनके बाड़े को मोटे परदों से ढका जा रहा है। चिड़ियाघर के बड़े वन्यजीव बाघ, भालू आदि के बैठने के लिए लकड़ी के तख्त लगवाए गए हैं और सर्दी से राहत के लिए हीटर तथा ब्लोअर की भी व्यवस्था की गई है।
चिड़ियाघर में तैनात रेंज अधिकारी प्रमोद तिवारी ने बताया कि चिड़ियाघर में वन्यजीवों को सर्दी से बचाने के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। उन्हें पशु चिकित्सक की सलाह से विशेष आहार दिया जा रहा है। इनमें, विभिन्न विटामिन, फूड सप्लीमेंट्स, अंडे शामिल हैं। भालू (बंटी और गुन्नू) और रेड पांडा को खास तौर पर शहद दिया जा रहा है।
तिवारी ने बताया कि इसके अलावा उनके बाड़ों में मोटे परदों, कंबलों से भी सर्दी से बचाव की व्यवस्था की जा रही है और हीटर व ब्लोअर भी लगाए गए हैं। साथ ही उनकी निगरानी भी बढ़ा दी है जिससे उनके बीमार होने पर उन्हें तत्काल राहत दी जा सके।
जू में हैं चार भालू, सात रेड पांडा, तीन लेपर्ड, दो टाइगर
नैनीताल। नैनीताल स्थित चिड़ियाघर में कई वन्यजीव ऐसे हैं जो लोगों के आकर्षण का केंद्र हैं। चिड़ियाघर में तैनात रेंजर प्रमोद तिवारी ने बताया कि यहां चार भालू, सात रेड पांडा, तीन लेपर्ड, दो टाइगर सहित मारखोर आदि आकर्षक वन्यप्राणी हैं।