चिड़ियाघर में नर बंगाल टाइगर ‘शेरू’ की मौत हो गई। जू के डा. एलके सनवाल और डा. योगेश भारद्वाज के पैनल ने टाइगर का पोस्टमार्टम किया। डाक्टरों के मुताबिक उसकी मौत का कारण बीमारी और उम्र पूरा कर लेना है। वह 15 वर्ष का था।
बता दें आदमखोर हो चुके इस बंगाल टाइगर को 12 फरवरी 2009 को रामनगर के ढिकुली क्षेत्र से पकड़कर जू में लाया गया था। 26 मई 2011 से उसे दर्शकों के लिए चिड़ियाघर के बाड़े में रखा गया। तब इसकी उम्र 11 वर्ष थी। इसके साथ मादा टाइगर ‘रानी’ को रखा गया था।
डा. सनवाल ने बताया पिछले साल रानी ने एक नर बच्चे को जन्म दिया। कुछ ही दिन बाद उसकी मौत हो गई थी। पोस्टमार्टम के दौरान जू निदेशक डा. तेजस्विनी अरविंद पाटिल, फारेस्ट आफीसर मनोज साह, बायोलॉजिस्ट रेखा पलड़िया, अतुल भगत आदि थे। जू परिसर में ही टाइगर का दाह संस्कार कर दिया गया।