नैनीताल। हाईकोर्ट ने बागेश्वर की कपकोट तहसील में खड़िया खनन पर रोक लगा दी है। कोर्ट ने राज्य सरकार को निर्देश दिया है कि भविष्य में इस क्षेत्र में कोई खनन पट्टा जारी न किया जाए।
खनन माफिया की ओर से अवैध रूप किए जा रहे खड़िया खनन के मामले में दायर जनहित याचिका पर बुधवार को मुख्य न्यायाधीश विपिन सांघी और न्यायमूर्ति आरसी खुल्बे की खंडपीठ के समक्ष सुनवाई हुई। बागेश्वर निवासी हीरा सिंह पपोला ने जनहित याचिका में कहा था कि कपकोट के रिमाघाटी, गुलामप्रगड और भीयूं गांव में सरकार की ओर से खनन पट्टा दिया गया है।
इसमें खनन माफिया निर्धारित मात्रा से अधिक खनन कर रहे हैं। इस अवैध खनन को बाहर ले जाने के लिए वन विभाग की जमीन पर अवैध रूप से सड़क भी बना ली गई है। याचिका के अनुसार अंधाधुंध खनन के चलते गांव के जलस्रोत सूखने की कगार पर पहुंच गए हैं। याचिकाकर्ता ने अवैध रूप से किए जा रहे खनन से होने वाले दुष्प्रभाव से गांव को बचाने की मांग भी की थी।