उत्तराखंड पावर कारपोरेशन जबरदस्त बिजली संकट से जूझ रहा है। अपनी इकाईयों में उत्पादन न के बराबर है और मांग आसमान छू रही है। ऐसे में बिजली खरीदकर देने के अलावा कारपोरेशन के पास कोई विकल्प नहीं है। सितंबर की बिजली खरीद के करार को लेकर कारपोरेशन बेकरार है।
उत्तराखंड पावर कारपोरेशन निर्बाध बिजली आपूर्ति के लिए बिजली खरीद रहा है। बिजली उत्पादन लगभग 8 से 9 एमयू है और मांग 35 एमयू के आसपास है। केंद्र सरकार की कंपनी पीएफसी से बिजली खरीद का करार हुआ है। उक्त कंपनी जुलाई में 150 और अगस्त में 150 मेगावाट बिजली देगी। जुलाई में बिजली 2.59 रुपये और अगस्त में 2.69 रुपये प्रति यूनिट की दर से खरीद होगी।
सितंबर के लिए बिजली का करार उक्त कंपनी से नहीं हो पाया है। सितंबर में बिजली खरीद के लिए पावर कारपोरेशन नई कंपनी की तलाश कर रहा है। सूत्रों की मानें तो कंपनी से हरी झंडी मिलने के बाद खरीद के लिए टेंडर निकाले जाएंगे।