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खरीखोटी सुनने के बाद लिखित आश्वासन देने को मजबूर हुए अफसर

Sun, 26 Feb 2017 12:55 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो भीमताल
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पानी - फोटो : getty
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रामगढ़ ब्लाक के सतबूंगा-लोधगल्ला-सूपी में लिफ्ट पेयजल योजना से एक बिल्डर को पेयजल कनेक्शन देने संबंधी समाचार के अमर उजाला में प्रमुखता से प्रकाशित होने के बाद जल संस्थान के अधिकारियों में हड़कंप मच गया।
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आनन-फानन में अधिकारी ग्रामीणों से वार्ता को मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों के गुस्से के आगे अधिकारियों को आखिरकार हार माननी पड़ी। अधिकारियों ने बिल्डर की ओर बिछाई जा रही पेयजल लाइन को उखड़वा दिया और जल्द ही खोदी गई नाली को बंद कराने का लिखित आश्वासन दिया।

  टू फेस की सतबूंगा-लोधगल्ला-सूपी में लिफ्ट पेयजल योजना से ग्रामीणों को पेयजल उपलब्ध होना था। लेकिन विभागीय अधिकारियों ने ग्रामीणों को कनेक्शन जारी करने के बजाए कपूवा तोक में स्थित टैंक से लगभग चार किलोमीटर दूर दुत्कानेधार में एक बिल्डर को कनेक्शन देने की तैयारी कर दी।
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उक्त बिल्डर के कर्मचारी पिछले कई दिनों से टैंक से मोटर लगाकर पानी खींच रहे थे। जानकारी होने पर शुक्रवार को ग्रामीण भड़क उठे। इस समाचार को अमर उजाला ने प्रमुखता से प्रकाशित किया।

खबर छपने के बाद शनिवार को सहायक अभियंता बीसी पाल और अवर अभियंता अनिल परिहार ग्रामीणों से वार्ता के लिए कपूवा तोक पहुंचे। उन्होंने ग्रामीणों को बताया कि बिल्डर को पेयजल कनेक्शन देने के लिए ग्राम प्रधानों द्वारा दिए गए अनापत्ति प्रमाणपत्र मिलने के बाद ही जल संस्थान ने दुत्कानेधार तक पेयजल योजना तैयार की।

इसके एवज में बिल्डर ने जल संस्थान में लगभग 70 लाख रुपए राजस्व भी जमा कराया। मौके पर मौजूद लगभग ढाई सौ से अधिक ग्रामीणों ने अधिकारियों की एक नहीं सुनी। ग्रामीणों ने दो टूक कहा कि ग्राम प्रधानों ने बगैर उन्हें विश्वास में लिए विभाग को अनापत्ति प्रमाण पत्र दिया है जो उन्हें स्वीकार्य नहीं। ग्रामीणों ने योजना से ग्रामीणों को पेयजल कनेक्शन दिलाने और नियमित रूप से पानी उपलब्ध कराने की मांग की।

घंटों तक चले हंगामे के बाद आखिरकार विभागीय अधिकारियों ने पेयजल लाइन बिछाने के लिए वन पंचायत की भूमि में किए गए खुदान कार्य को ठीक कराने, पेयजल लाइन बिछाने के लिए तैयार की गई नाली को भरवाने, खुदान के दौरान टूटे रास्ते की मरम्मत कराने और दस दिन के भीतर मौके पर पड़े पाइपों व अन्य सामग्री को हटवाने का लिखित आश्वासन दिया।

वार्ता के दौरान ग्रामीणों की ओर से पूर्व प्रमुख लाखन सिंह नेगी, दिनेश गौड़, गणेश गौड़, कैलाश गौड़, म्यूराज सिंह, गंगा देवी, चंपा देवी, मीना देवी, कमला गौड़, रेखा गौड़, विभाग की ओर से सहायक अभियंता बीसी पाल और अवर अभियंता अनिल परिहार आदि मौजूद थे।
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