नैनीताल। तिब्बत को चीन से आजाद कराने की मांग को लेकर तिब्बती समुदाय की ओर से 10 और 12 मार्च को नैनीताल में जुलूस निकाला जाएगा। दोनों दिन तिब्बती समुदाय के लोग अपने प्रतिष्ठान भी बंद रखेंगे। दो दिवसीय कार्यक्रमों को सफल बनाने के लिए तिब्बती समुदाय की ओर से तैयारियां शुरू कर दी गई हैं।
तिब्बती फ्रीडम मूवेंट के सचिव ऐशी थुप्तेन ने बताया कि 10 मार्च 1959 को पहली बार हजारों तिब्बतियों ने तिब्बत की राजधानी ल्हासा में चीन के खिलाफ आवाज बुलंद की थी। 12 मार्च 1959 को तिब्बती महिलाओं ने ठीक इसी तरह का आयोजन किया था। उन्होंने कहा कि तिब्बत की आजादी की मांग को लेकर यह 58वां वर्ष है।
10 व 12 मार्च को दोनों ही दिवसों में सुबह 10 बजे सभी लोग तिब्बती मार्केट में एकत्र होंगे। उसके बाद वहां से जुलूस निकाला जाएगा जो मल्लीताल बाजार होते हुए माल रोड बाद में तल्लीताल गांधी चौैक पर पहुंचेगा। यहां पर गांधी प्रतिमा के समक्ष पूजा अर्चना होगी तत्पश्चात फिर जुलूस मालरोड होता हुआ तिब्बती बाजार में जाकर समाप्त होगा।
दोनों दिवसों के कार्यक्रमों को सफल बनाने के लिए सांगमो, कैलसंग छुकी, कैलसंग वागमो, सिरिंग डोलकर, सिरिंग पालमो, छैवांग पैलडुन, ल्हाकी वागमो, सिरिंग हुगंदा, तेनजिंग सागमो. सिरिंग डोलमा, वागंदू, तेनजिंग जिगमे आदि जुटे हैं। दूसरी ओर भोटिया माला बाजार के अध्यक्ष आनंद सिंह खंपा ने बताया कि उनकी बाजार दोनों दिन खुली रहेगी।