हल्द्वानी। छात्राओं को निजी बस में पचास प्रतिशत तक छूट का आदेश कई निजी बस चालक नहीं मान रहे हैं। छूट के लिए पैरवी करने वाले छात्र संगठन एसएफआई तक भी यह शिकायत पहुंची है। अब मामले में परिवहन विभाग कार्रवाई की बात कह रहा है। आरटीओ ने निजी बस एसोसिएशन को तलब किया है। इसके अलावा छूट के संबंध में पूर्ण नियम बनाने को संभागीय परिवहन प्राधिकरण (आरटीए) में इस पर सहमति ली जाएगी।
कुछ दिन पहले एसएफआई का एक प्रतिनिधि मंडल आरटीओ से मिला। संगठन ने रोडवेज की तरह निजी बसों में छात्राओं को किराए में छूट दिलाने की मांग रखी। इसके अलावा चोरगलिया रोड पर टेंपो, बस चालकों के किराए को लेकर मनमानी खत्म करने को कार्रवाई की बात कही, पर जो हालात हैं, उसमें लग रहा है कि एसोसिएशन और विभाग दोनों ने आदेश को ताक पर रख दिया। चोरगलिया रोड पर खुद परिवहन विभाग की टीम ने चेकिंग नहीं की है, जबकि आरटीओ ने एक सप्ताह तक लगातार सघन चेकिंग की बात कही थी।
अब शिकायत मिलने के बाद आरटीओ ने एसोसिएशन को तलब किया है। इस बाबत आरटीओ एसके सिंह का कहना है कि छूट देने का आदेश दिया गया था, जिसका पालन कई बस स्वामी नहीं कर रहे हैं। ऐसे में टीआर सेक्शन को एसोसिएशन को बुलाने को गया है। इसके अलावा संभागीय परिवहन प्राधिकरण की मीटिंग में छात्राओं को छूट के संबंध में नियम भी बनाया जाएगा, जिससे कोई संशय न रहे। ऐसा करने पर परमिट के खिलाफ भी कार्रवाई होगी।