रामनगर। कानपुर से ससुराल आए एक युवक ने शरीर पर डीजल छिड़ककर आग लगा दी। करीब 80 प्रतिशत झुलसे इस युवक को सरकारी अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद हल्द्वानी रेफर कर दिया गया। अलबत्ता आग लगाने का कारण स्पष्ट नहीं हो सका है।
वन परिसर में रहने वाला रिफाकत अली रामनगर रेंज तराई पश्चिमी वन प्रभाग में बीट वाचर के पद पर कार्यरत है। उसकी छह पुत्रियां और एक पुत्र है। उसने छह मार्च 2007 को अपनी पुत्री रोजी का निकाह कानपुर के मोहल्ला अजीमगंज कालोनी निवासी मो. अली के पुत्र मो. फारूख (30) के साथ किया था। रोजी करीब तीन माह पूर्व दोनों बच्चों के साथ यहां अपने मायके आई थी। मंगलवार को उसका पति फारूख यहां अपने बच्चों से मिलने आया था। इसी दौरान संदिग्ध परिस्थितियों में फारूख ने अपने शरीर में डीजल छिड़ककर आग लगा ली। घर के सामने धुआं उठता देखकर और फारूख की चीख-पुकार सुनकर ससुराली मौके पर पहुंचे, जहां फारूख बुरी तरह से झुलस गया था। यहां सरकारी अस्पताल में प्राथमिक उपचार के दौरान एसडीएम एसएस जंगपांगी ने फारूख के बयान लिए। पुलिस के मुताबिक फारूख ने अपने घर (कानपुर) में हुए क्लेश को घटना का कारण बताते हुए ससुराल पक्ष को निर्दोष बताया है।