हल्द्वानी। गोरापड़ाव स्थित गैराज में पड़ी डकैती में करीब आठ लाख रुपये की नकदी, 12 कीमती मोबाइल और सोने की तीन चेन लूटी गई थीं। मामले में पुलिस अब तक छह आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है लेकिन बरामदगी केवल 84 हजार रुपये की हुई है। पुलिस का अंदेशा था कि डकैती की साजिश रचने वाला यश सिडाना के पास ही लूटी गई अधिकतर रकम और चेन होंगे लेकिन उसके पास से पुलिस को केवल 18 हजार रुपये की मिले।
19 अगस्त की रात दो गाड़ियों से आए करीब 10 हथियारबंद लोगों ने गैराज में डकैती डाली थी। गैराज मालिक नारायण दास की तहरीर पर पुलिस ने मामले में प्राथमिकी दर्ज कर की। एसएसपी डॉ.मंजुनाथ टीसी ने पुलिस अधिकारियों व कर्मियों समेत 50 लोगों की विशेष जांच टीम गठित की जिसने वारदात के चार दिन बाद मुख्यारोपी समेत छह लोगों को गिरफ्तार किया। हालांकि अभी भी करीब चार आरोपी पुलिस से छिपकर भाग रहे हैं। दो बार में हुई छह लोगों की गिरफ्तारी के दौरान केवल 84 हजार रुपये ही पुलिस को मिले। लूटे गए मोबाइलों की लोकेशन बंद होने की वजह से पुलिस ट्रेस ही नहीं कर पा रही है।
मोबाइल बरामदगी के लिए अलग टीम
पुलिस के अनुसार डकैती में लूटे गए मोबाइलों की लोकेशन अलग-अलग स्थानों पर बंद हुई है। जो मोबाइल जहां बंद हुआ उनकी लोकेशन पुलिस के पास है। अब सर्विलांस टीम मोबाइल नेटवर्क की लोकेशन ट्रेस कर रही है जो फेंके गए मोबाइलों के करीब 500 मीटर के दायरे को दर्शाती है। सभी मोबाइलों की बरामदगी के लिए अलग टीम बनाकर लगाई गई है। पुलिस का कहना है कि जो आरोपी भागे हुए हैं लूट की रकम, सोने की चेन उनके पास हो सकती है।
वर्जन
भागे हुए आरोपियों की तलाश में टीमों को भेजा गया है। लूटे गए मोबाइलों की लोकेशन अलग-अलग स्थानों पर मिली है लेकिन सभी बंद हैं। एक विशेष टीम बनाकर उनकी बरामदगी के प्रयास किए जा रहे हैं। - मनोज कुमार कत्याल, एसपी सिटी