नैनीताल। हाइकोर्ट ने काशीपुर में 16 वर्षीय किशोर की पुलिस हिरासत में मौत मामले को सीबीआई को हस्तांतरित कर दिया है। कोर्ट ने किशोर के परिजनों को सुरक्षा देने के आदेश भी दिए हैं।
मामले की सुनवाई मुख्य न्यायाधीश केएम जोसेफ और न्यायमूर्ति वीके बिष्ट की खंडपीठ के समक्ष हुई। मामले के अनुसार काशीपुर के मोहल्ला काजीबाग निवासी एक किशोरी को बहला-फुसलाकर भगा ले जाने के आरोप में ग्राम बैलजूड़ी निवासी 16 वर्षीय जियाउद्दीन पुत्र यामीन को इसी साल 23 फरवरी को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया था। 28 फरवरी की शाम वह कटोराताल पुलिस चौकी की बैरक में पंखे से लटका पाया गया। जियाउद्दीन की मौत के बाद जन आक्रोश भड़क उठा। मृतक के पिता ने कटोराताल पुलिस चौकी के तत्कालीन प्रभारी प्रवीण कुमार सिंह, कांस्टेबल बलवंत सिंह और पांच अन्य के खिलाफ हत्या का अभियोग दर्ज कराया था। इस मामले में तत्कालीन कोतवाल ओमप्रकाश, चौकी प्रभारी प्रवीण कुमार, कांस्टेबल बलवंत सिंह, वीरेंद्र कुमार को निलंबित कर दिया गया था। शुरू में मामले की विवेचना पुलिस निरीक्षक विपिन चंद पंत को सौंपी गई। 17 मार्च को हाइकोर्ट की दो सदस्यीय खंडपीठ ने मामले का स्वत: संज्ञान लेकर सुनवाई शुरू की। इसी दौरान जांच सीबीसीआईडी को सौंप दी गई। सीबीसीआईडी के निरीक्षक बीएस धौनी मामले की जांच कर रहे थे। तीनों नामजद आरोपी जमानत पर हैं। मंगलवार को हाइकोर्ट ने इस मामले की जांच सीबीआई को हस्तांतरित करने के आदेश दिए हैं।