हल्द्वानी। अपर सत्र न्यायाधीश स्पेशल जज पॉक्सो सुधीर तोमर ने बालिका से दुष्कर्म में दोषी पाए गए उसके रिश्ते के दादा को 20 साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 25 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। अदालत ने पीड़िता को चार लाख रुपये प्रतिकर देने का भी आदेश दिया है।
घटना 24 मई 2022 की है। भीमताल क्षेत्र की 16 साल की किशोरी किसी काम से जा रही थी। रास्ते में उसे उसी मोहल्ले के रहने वाले उसके रिश्ते के दादा 60 वर्षीय बुजुर्ग ने रोका और धमकाते हुए झाड़ी में खींच ले गया। यहां उसने किशोरी से दुष्कर्म किया। बाद में उसके घर आकर धमकाया भी। अगले दिन पुलिस ने पॉक्सो एक्ट समेत अन्य धाराओं में भीमताल थाने में मुकदमा दर्ज किया गया। आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। फास्ट ट्रैक कोर्ट में मुकदमा चला। 25 जुलाई 2022 को आरोपपत्र दाखिल किया गया। गवाहों के बयान और मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर स्पेशल जज पॉक्सो सुधीर तोमर की अदालत में उसे पर दोष सिद्ध हो गया। उसे पॉक्सो एक्ट के तहत 20 साल के सश्रम कारावास और 20 हजार जुर्माने से दंडित किया गया। आईपीसी की धारा 452 में तीन साल का सश्रम कारावास और पांच हजार जुर्माना लगाया गया।