रानीखेत (अल्मोड़ा)। श्रम विभाग की ओर से नगर में नियमित रूप से शिविर नहीं लगाए जाने से व्यापारी प्रतिनिधियों में रोष है। व्यापारी नेताओं का कहना है कि शिविर नहीं लगने से व्यापारियों के चालान सत्यापित नहीं हो पा रहे हैं, जबकि पूर्व में नियमित रूप से शिविरों का आयोजन होता था। शुक्रवार को इस संबंध में व्यापारी नेताओं ने संयुक्त मजिस्ट्रेट हिमांशु खुराना से मुलाकात कर शिविरों के आयोजन की मांग की।
व्यापारी नेताओं ने कहा कि तीन सालों से श्रम विभाग की ओर से किसी तरह के शिविर नहीं लगाए जा रहे हैं। इसके चलते व्यापारियों के तमाम कार्य प्रभावित हो रहे हैं। व्यापारियों के चालान सत्यापित नहीं हो पा रहे हैं। कहा कि साप्ताहिक बंदी के उल्लंघन में व्यापारियों के चालान काटे जा रहे हैं, लेकिन चालान सत्यापित नहीं किए जा रहे हैं।
इस संबंध में व्यापार मंडल की ओर से कई बार लेबर इंस्पेक्टर को भी बताया गया, लेकिन कोई कार्यवाही नहीं हुई। व्यापारी नेताओं ने संयुक्त मजिस्ट्रेट से श्रम विभाग के शिविर नियमित रूप से आयोजित कराने की मांग उठाई। ज्ञापन सौंपने वालों में जिलाध्यक्ष मोहन नेगी, नगर अध्यक्ष भगवंत नेगी, प्रदेश सचिव मनोज अग्रवाल, कैंट बोर्ड सभासद संजय पंत आदि थे।