हल्द्वानी। विपक्षी दलों ने पिछली बार ईवीएम में गड़बड़ी के आरोप लगाए थे। इसलिए भारत निर्वाचन आयोग ने इस बार लोकसभा चुनाव में पहली बार कई नई व्यवस्था की हैं। मतदाता जब वोट डालने के लिए ईवीएम बटन दबाएगा तो सात सेकेंड तक वोटर्स वेरिफाइएबल पेपर ऑडिट ट्रेल (वीवीपैट) में पर्ची में छपकर दिखाई देगा कि उसने किस प्रत्याशी को वोट दिया। ईवीएम की बैलेट यूनिट में उम्मीदवार के नाम, प्रतीक चिन्ह के साथ ही उम्मीदवार का फ ोटो भी लगा होगा।
एमबीपीजी कॉलेज के कस्तूरबा भवन और भूगोल विभाग के कक्षों में शनिवार को मास्टर ट्रेनर आईटीआई और पालीटेक्निक के अनुदेशकों ने चरणबद्ध तरीके से मतदान कार्मिकों को ईवीएम, वीवीपैट संचालन का प्रशिक्षण दिया। इस कार्य में दोनों संस्थानों के 66 से अधिक अनुदेशकों ने बतौर मास्टर ट्रेनर मतदान कार्मिकों को बताया कि बूथ में जब कोई मतदाता वोट डालेगा तो सात सेकेंड तक वीवीपैट में पर्ची में छपकर दिखाई देगा कि उसने किस चुनाव चिन्ह पर मतदान किया है। पर्ची पर क्रमांक, चुनाव चिन्ह, नाम जिसे वोट डाला है दिखाई देने के बाद वीवीपैट के ड्रॉप बॉक्स में पर्ची गिर जाएगी। मास्टर ट्रेनरों ने यह भी बताया कि इसके बावजूद अगर कोई मतदाता यह शिकायत करता है कि उसने तो वोट किसी और को डाला था, इसकी तत्काल जांच पड़ताल होगी और शिकायत झूठी होने पर मतदाता के खिलाफ कठोर कार्रवाई हो सकती है। मतदान कार्मिकों को टेंडर वोटर, मत रद्द करना, चैलेंज वोट, ग्रीन पेपर सील बैलेट यूनिट, कंट्रोल यूनिट, वीवीपैट, आदर्श आचार संहिता, बैलेट पेपर, टेस्ट वोट, मतदान केन्द्र पर मतदान कार्मिकों के कर्त्तव्य, दायित्व, वोटर हेल्पलाइन, वेबकास्टिंग, मशीनों को सील करने में उपयोग होने वाली विभिन्न प्रकार की मोहरों एवं सीलों के बारे में भी प्रशिक्षण दिया गया।
मतदाता सात सेकेंड तक वीवीपैट पर देख सकेंगे किसे दिया वोट
ईवीएम में गड़बड़ी के आरोपों को देखते हुए निर्वाचन आयोग ने लागू की व्यवस्था
बैलेट यूनिट में इस बार मतदाता अपने उम्मीदवार का फोटो देख सकेंगे
कार्मिकों को फिल्म दिखाकर बताएं मतदान की बारीकियां
हल्द्वानी। मतदान के दौरान किसी तरह की कमी न रहे, इसके लिए निर्वाचन आयोग के निर्देश पर मतदान कार्मिकों को प्रोजेक्टर के माध्यम से मतदान प्रक्रिया के बारे में फिल्म भी दिखाई जा रही है। एमबीपीजी कॉलेज के कांफ्रेंस हॉल में शनिवार को दिनभर मतदान कार्मिकों को पोलिंग बूथ से संबंधित जानकारी दी गई।
पानी की व्यवस्था न होने से बेहाल मास्टर ट्रेनर
हल्द्वानी। एमबीपीजी कॉलेज में जिन कक्षों में ईवीएम, वीवीपीएट का प्रशिक्षण चल रहा है, उनमें मास्टर ट्रेनरों के लिए पानी की कोई व्यवस्था न होने से उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ा। लगातार कई घंटे ट्रेनिंग की वजह से मास्टर ट्रेनर्स कक्ष के बाहर पानी पीने के लिए तक नहीं जा सके।