हल्द्वानी। लालकुआं डिपो से लकड़ी बरेली भेजने में गड़बड़ी के आरोप में निलंबित स्केलर और सहायक स्केलर को चार्जशीट दे दी है। अब दोनों को चार्जशीट का जवाब देना होगा। जांच के लिए लालकुआं खनन प्रभाग के डीएलएम को जांच अधिकारी नियुक्त कर दिया गया है।
लालकुआं डिपो से मार्च में बरेली लकड़ी भेजी गई थी। वाहन में 11 घनमीटर और 119 नग लकड़ी लदी थी। बरेली के वन विभाग ने लकड़ी की जांच की तो इसमें 11 नग लकड़ी की गोलाई दर्ज मात्रा से अधिक मिली। इसकी सूचना बरेली के अधिकारियों ने प्रदेश के वन निगम को दी। इस पर वन निगम हल्द्वानी के डीएसएम एमसी जोशी ने लालकुआं डिपो के स्केलर महेश तिवारी को निलंबित कर दिया। तिवारी को लालकुआं से हटाकर हल्द्वानी डिपो नंबर एक में तैनात कर दिया गया था। तत्कालीन आरएम ने इसके लिए हल्द्वानी के डीएसएम एमसी जोशी, टनकपुर डीएसएम महेश चंद्र आर्या और हल्द्वानी के डीएलएम प्रकाश चंद्र आर्या की जांच कमेटी बनाई। कमेटी ने 26 मई को स्केलर महेश तिवारी और सहायक स्केलर लक्ष्मण सिंह बिष्ट के खिलाफ चार्जशीट तैयार दोनों को दे दी गई है। इधर, वन निगम के आरएम ने मामले की जांच के लिए लालकुआं खनन प्रभाग के डीएलएम वाईके श्रीवास्तव को जांच अधिकारी नियुक्त किया है।
लकड़ी घोटाले के आरोप में निलंबित दो कर्मियों को चार्जशीट
तीन सदस्यीय कमेटी ने जांच पूरी की, डीएलएम को सौंपी गई जांच
लकड़ी भेजने के मामले की गड़बड़ी की जांच कमेटी ने जांच पूरी कर ली है। स्केलर और सहायक स्केलर को चार्जशीट दी गई है। इसकी जांच के लिए अधिकारी नियुक्त कर दिया गया है। -एमसी जोशी, डीएसएम, हल्द्वानी