रामनगर (नैनीताल)। पीएनजी पीजी कॉलेज प्रशासन का दावा है कि उनके यहां पिछले दस सालों में कोई भी छात्र नकल करते नहीं पकड़ा गया है। सेमेस्टर, वार्षिक संस्थागत एवं व्यक्तिगत परीक्षाएं नकली विहीन कराने को कॉलेज प्रशासन की ओर भरसक प्रयास किए जा रहे हैं। इसके लिए उड़नदस्ते का गठन किया गया है, जो तीनों पालियों में जाकर छात्रों की चेकिंग करेगा। यदि कोई छात्र नकल के साथ पकड़ा जाता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
यूजीसी का मानक है कि 45 दिन में परीक्षाएं पूर्ण हों, जबकि कुमाऊं विश्वविद्यालय की परीक्षाएं 15 मई से लेकर 28 जुलाई तक चलेंगी। पीएनजीपीजी कॉलेज के प्राचार्या डॉ. हेमा प्रसाद ने बताया कि परीक्षाओं के दौरान मोबाइल, पर्स या बैग इत्यादि लाना प्रतिबंधित है। कॉलेज की ओर से बने उड़नदस्ते की कमान परीक्षा प्रभारी डॉ. शरद भट्ट को सौंपी गई है, जो किसी भी पाली में जाकर छात्रों की चेकिंग करते हैं। हर पाली में 50 से लेकर 1100 विद्यार्थी परीक्षा देते हैं।
दस साल से नहीं पकड़ा कोई नकलची
पीएनजी पीजी कॉलेज प्रशासन ने किया दावा
दस जून से हो सकती है परीक्षाएं
उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय (यूओयू) रामनगर केंद्र के समन्वयक डॉ. किरन कुमार पंत ने बताया कि इस सत्र में करीब एक हजार विद्यार्थी यहां पंजीकृत हैं। इनकी परीक्षाएं 10 जून से प्रस्तावित हैं। इस सत्र से इस संस्था में एमएससी का केंद्र भी यहां स्थापित होने की संभावना है। पिछले माह यूओयू के कुलपति ने इस केंद्र का औचक निरीक्षण किया था।