नैनीताल। कुमाऊं विश्वविद्यालय के प्रशासनिक भवन में शनिवार को हुई 135वीं कार्य परिषद की बैठक में काफी समय से संविदा पर नियुक्त 24 शिक्षकों को नियमित करने का प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किया गया। कार्य परिषद ने कुविवि के दीक्षांत समारोह की व्यवस्थाओं का जिम्मा कुलपति प्रो. डीके नौड़ियाल को सौंपा। इसके अलावा लगभग 40 शोधार्थियों को पीएचडी की डिग्री देने पर भी सहमति बनी।
कुविवि के प्रशासनिक भवन में कुलपति प्रो. डीके नौड़ियाल की अध्यक्षता में हुई बैठक में विश्वविद्यालय के डीएसबी परिसर नैनीताल, एसएसजे परिसर अल्मोड़ा, भीमताल में कार्यरत 24 संविदा शिक्षकों को नियमित करने का फैसला लिया गया। बैठक में दीक्षांत समारोह की व्यवस्था के लिए कुलपति प्रो. डीके नौड़ियाल को अधिकृत किया गया। कार्य परिषद ने हरमिटेज भवन में कार्यरत यूजीसी के कर्मचारियों को कुविवि से संबद्ध करते हुए निरंतरता प्रदान की। इसके अलावा विश्वविद्यालय से संबद्ध 30 कॉलेजों को एक वर्षीय अस्थायी संबद्धता देने का भी अनुमोदन किया गया।
बैठक में विभिन्न स्तरों पर लंबित कई पदोन्नति के मामलों का भी निपटारा किया गया। नवनियुक्त कुलसचिव सुधीर बुड़ाकोटी समेत परिसरों में नए प्रॉक्टरों का अनुमोदन किया गया। बैठक में कर्मचारियों के अवकाश स्वीकृत करने के साथ साथ कुछ अवकाश संबंधी मामलों को विचाराधीन रखा गया। बैठक में कार्य परिषद के सदस्य अरविंद पडियार, सुरेश डालाकोटी, जगदीश बुधानी, बहादुर पाल, कुलसचिव सुधीर बुड़ाकोटी, वित्त अधिकारी अनीता आर्या, प्रो. भगवान सिंह बिष्ट, डीके भट्ट, उषा मित्तल, एमसी पांडे, आरपी पंत आदि मौजूद थे।