हल्द्वानी। रेलवे के हर दफ्तर में महिला कर्मियों के लिए अलग से कमरा और शौचालय का इंतजाम किया जाएगा। यह इंतजाम रेलवे के हर उस दफ्तर में होगा जहां पांच या पांच से अधिक महिला कर्मी कार्यरत हैं। यह व्यवस्था पहली बार रेलवे में लागू की गई है।
रेलवे का महिला यात्रियों के साथ-साथ अपनी महिला कर्मियों की सहूलियतों के ध्यान रखने पर भी जोर है। आमतौर पर रेलवे के दफ्तर में महिलाओं, पुरुषों के शौचालय आसपास होते हैं, साथ ही महिलाओं को वर्दी दुरुस्त करने के लिए शीशे का भी इंतजाम नहीं होता है। इससे कभी कभार महिला कर्मियों को परेशानी होती है। अब महिला कर्मियों को इन सभी समस्याओं से निजात मिल जाएगी। रेल मंत्रालय ने हाल ही में एक नियम जारी किया है। इस नियम के अंतर्गत रेलवे के जिस दफ्तर में पांच या इससे अधिक महिलाएं काम करती हैं वहां महिला कर्मियों के लिए अलग से एक कमरा, शौचालय का इंतजाम किया जाएगा। इसमें साबुन, तौलिया, शीशे की व्यवस्था होगी ताकि ड्यूटी पर तैनात कर्मी अपनी वर्दी दुरुस्त कर सके। इस कमरे में महिला कर्मियों के अलावा किसी की भी आवाजाही पर प्रतिबंध रहेगा।
पांच से अधिक महिला कर्मी होने पर अलग कमरा, शौचालय मिलेगा
यह नियम रेलवे के सभी दफ्तरों पर लागू होगा
काठगोदाम स्टेशन पर कैरिज एंड वैैगन में कमरा बना
हल्द्वानी। काठगोदाम रेलवे स्टेशन पर कैरिज एंड वैगन सेक्शन में पांच या इससे ज्यादा महिलाएं काम करती हैं, इसलिए वहां पर महिलाओं के लिए एक अलग से कमरा, शौचालय बनाया गया है। इसका स्टेशन प्रबंधक चयन रॉय ने निरीक्षण कर तैयारियाें जायजा लिया।
यहां कैरिज एंड वैगन में महिला कर्मियों की संख्या अधिक है वहां पर रेल मंत्रालय के नए नियमानुसार अलग से कमरा दे दिया गया है।
- चयन रॉय, स्टेशन प्रबंधक काठगोदाम रेलवे स्टेशन।