गढ़वाल विवि के प्रशासनिक भवन में पटवारी पद पर तैनात एक आरटीआई कार्यकर्ता ने विवि प्रशासन पर मानसिक व आर्थिक शोषण किए जाने का आरोप लगाया है। आरोप है कि उसे वर्ष 2006 से मिलने वाले आर्थिक लाभ नहीं दिए जा रहे हैं।
कुलसचिव को भेजे ज्ञापन में संतोष मंमगाई ने कहा कि उन्होंने विवि में कई भ्रष्टाचार के मामलों को उजागर किया है। इसमें से कई मामलों में वसूली भी हो चुकी है लेकिन इन मामलों को उजागर करने का खामियाजा उन्हें भुगतना पड़ रहा है।
विवि प्रशासन उन्हें वर्ष 2006 से मिलने वाले आर्थिक लाभ से वंचित कर रहा है। जबकि वह विवि प्रशासन से इस संबंध में कई बार मौखिक व लिखित रूप से गुहार लगा चुके हैं। मंमगाई ने पंद्रह दिनों के भीतर कार्रवाई न किए जाने पर वैधानिक कदम उठाने की चेतावनी दी है। कुलसचिव डॉ. एके झा ने कहा कि कर्मचारी की शिकायत उन्हें प्राप्त हुई है। शिकायत उप कुलसचिव प्रशासन को भेज दी गई है।