अनुरक्षण अवधि के बावजूद सड़क पर कई जगह हुए गड्ढे
मरम्मत के लिए 24 लाख रुपये का प्रस्ताव शासन में लंबित
दुगड्डा (कोटद्वार)। दुगड्डा ब्लॉक के अंतर्गत मोहरा और नौगांव को जोड़ने वाला टौलबार-मोहरा-नौगांव मोटर मार्ग बदहाल है। कई जगह सड़क उखड़ जाने से दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ गया है। ग्रामीणों ने बरसात से पहले सड़क की मरम्मत कराने की मांग उठाई है।
दुगड्डा विकासखंड की मोहरा ग्राम पंचायत के टौलबार, मोहरा और नौगांव समेत आसपास के गांवों को सड़क सुविधा उपलब्ध कराने के लिए वर्ष 2019 में मोटर मार्ग का निर्माण कराया गया था। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) के तहत सात किलोमीटर सड़क निर्माण के लिए 423.84 लाख रुपये का बजट स्वीकृत हुआ था। निर्माण कार्य का जिम्मा नेशनल प्रोजेक्ट कंस्ट्रक्शन कारपोरेशन (एनपीसीसी) लिमिटेड, पीआईयू को सौंपा गया था।
सड़क के द्वितीय चरण का निर्माण कार्य 321.94 लाख रुपये की लागत से जनवरी 2021 से अप्रैल 2022 के बीच पूरा कराया गया। सड़क के अनुरक्षण की अवधि मई 2022 से वर्ष 2027 तक निर्धारित की गई है। टौलबार से नौगांव तक कई स्थानों पर डामरीकरण क्षतिग्रस्त हो चुका है। दोपहिया वाहन फिसल रहे हैं और राहगीरों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि जल निकासी के लिए बनी नालियों का रखरखाव नहीं होने से बरसात में स्थिति और खराब हो सकती है। सड़क सुरक्षा के लिए बनाए गए पुश्ते भी कई स्थानों पर दरकने लगे हैं।
वहीं राजकीय जूनियर हाईस्कूल के सामने सड़क का हिस्सा धंसने से विद्यालय भवन को भी खतरा पैदा हो गया है। ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने क्षेत्र पंचायत की बैठकों में कई बार सड़क की मरम्मत का मुद्दा उठाया लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी है। ग्राम प्रधान सरिता रावत और ग्रामीण बीरेंद्र सिंह ने बताया कि संबंधित विभाग सड़क की खराब स्थिति को लेकर गंभीर नहीं दिख रहा है।
मोटर मार्ग एवं विद्यालय के समीप क्षतिग्रस्त हिस्से की मरम्मत के लिए 24 लाख रुपये का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। बजट मिलने के बाद सड़क के क्षतिग्रस्त डामरीकरण सहित अन्य मरम्मत कार्य कराए जाएंगे।
- शुभम जैन, एई, पीएमजीएसवाई, एनपीसीसी पीआईयू दुगड्डा।