रिखणीखाल के बयेला मल्ला में अंग्रेजी शराब की दुकान खोलने का विरोध करते हुए क्षेत्र की महिलाओं ने सोमवार शाम दुकान में तोड़फोड़ कर दी। उन्होंने दुुकान के अंदर रखी शराब की पेटियों को उठाकर बाहर फेंक दिया और दुकान के मेन गेट में ताला ठोक दिया। सूचना पर राजस्व पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। शराब कारोबारी ने सात महिलाओं के खिलाफ तोड़फोड़, लूटपाट समेत कई धाराओं में नामजद मुकदमा दर्ज कराया है।
आबकारी विभाग ने रिखणीखाल की शराब की दुकान को हाईवे से हटाकर एक अप्रैल को बयेला मल्ला गांव के पास शिफ्ट कर दिया था। महिलाओं में इसे लेकर काफी गुस्सा था। वे बार-बार दुकान को हटाने की मांग कर रहीं थीं। जब शासन- प्रशासन और संबंधित महकमे ने उनकी नहीं सुनीं तो मंगलवार शाम को दर्जनों महिलाओं ने शराब की दुकान में तोड़फोड़ कर दी।
रिखणीखाल के प्रभारी तहसीलदार डीएस रावत ने बताया कि शराब कारोबारी पदमपुर कोटद्वार निवासी सूरज डोभाल ने राजस्व पुलिस में सात महिलाओं के खिलाफ नामजद तहरीर दी है। तहरीर में तोड़फोड़ करने, 46 हजार की नगदी लूटने, गालीगलौच और जान से मारने की धमकी का आरोप लगाया गया है।
उन्होंने बताया कि तहरीर के आधार पर सुलोचना देवी, सरोजिनी देवी, मुन्नी देवी, सतेश्वरी देवी, धनेश्वरी देवी, दर्शनी देवी और गोदांबरी देवी के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। वहीं, महिलाओं ने कहा कि वे किसी भी कीमत पर शराब की दुकान नहीं खुलने देंगे।
उत्तराखंड नशाबंदी परिषद के प्रदेश अध्यक्ष जगमोहन भारद्वाज ने शराब के विरोध में महिलाओं के आंदोलन का समर्थन किया। कहा कि महिलाओं पर मुकदमे दर्ज करने वालों के खिलाफ भी आंदोलन शुरू किया जाएगा। मातृ शक्ति के खिलाफ मुकदमे बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे।