कोटद्वार। कोटद्वार एवं आसपास के क्षेत्रों में रविवार दोपहर आंधी के बाद झमाझम बारिश हुई। दुगड्डा, लैंसडौन और सतपुली में तेज बारिश होने से लोगों को गर्मी से राहत मिली।
रविवार अपराह्न करीब तीन बजे कोटद्वार का मौसम अचानक बदल गया। कुछ देर आंधी के बाद रुक-रुककर तेज बारिश हुई। लोगों ने बारिश में भीगकर मौसम का लुत्फ उठाया। राहगीरों को जलभराव से होकर गुजरना पड़ा। आसमान में बादल छाए रहे और रुक-रुककर बारिश होती रही। दुगड्डा में करीब पौन घंटे तक तेज बारिश हुई। जिससे क्षेत्र की सिलगाड और लंगूरगाड नदियों में जलस्तर बढ़ गया।
कोटद्वार-पौड़ी हाईवे पर भी कई जगह जलभराव हुआ। हाईवे चौड़ीकरण के स्थान पर मिट्टी-मलबा फैलने से वाहनों का आवागमन प्रभावित हुआ।
सतपुली की नयार घाटी क्षेत्र में दोपहर दो बजे झमाझम बारिश होने से मौसम में ठंड बढ़ गई। नालियां अवरुद्ध होने से बारिश का पानी ओवरफ्लो होकर सड़कों पर बहने लगा। अपर बाजार, स्टेट बैंक, हाईवे 534, बस अड्डे और देवप्रयाग रोड पर पानी बहने लगा। बारिश थमने पर पानी तो बह गया, लेकिन कचरा और कीचड़ सड़क पर फैल गया। ऐसे में राहगीर और व्यापारी परेशान रहे।
लैंसडौन में अपराह्न 2:15 बजे से मूसलाधार बारिश शुरू हुई। करीब 45 मिनट तक तेज बारिश होने से दुकानों में बारिश का पानी घुस गया। दुकान का सामान खराब होने से दुकानदारों को आर्थिक हानि हुई। वहीं, कोतवाली मार्ग व गांधी चौक के ढलान की तरफ का पानी सदर बाजार की एक दुकान में भर गया। दुकानदार कुलदीप ने बताया कि छावनी परिषद से पूर्व में दुकान के इस हिस्से में 4 फीट की दूरी तक एक एक ईंट मुंडेर रखने की अनुमति मांगी गई थी, लेकिन विभाग की अनुमति नहीं मिलने पर मुंडेर नहीं बन सकी। पानी भरने से दुकान में रखा सामान खराब हो गया।