कोटद्वार। रिखणीखाल ब्लॉक के ग्रामसभा सेंधी के गुलदार प्रभावित गांव बामसू में गुलदार की मूवमेंट पर नजर रखने के लिए वन विभाग की ओर से आठ कैमरा ट्रैप लगाए हैं। सोमवार को प्रभावित क्षेत्र के विद्यालय खुल गए हैं।
रिखणीखाल ब्लॉक के ग्रामसभा सेंधी के बामसू गांव व आसपास के क्षेत्रों में पिछले कई दिनों से गुलदार की मूवमेंट बनी हुई है। जिला प्रशासन की ओर से गुलदार की मूवमेंट को देखते हुए 20 व 21 दिसंबर को क्षेत्र के विद्यालयों में अवकाश घोषित किया गया था। ग्राम प्रधान दर्शन सिंह व कुमारी कल्पना ने बताया कि रविवार शाम को गांव की सारी में गुलदार की मूवमेंट दिखाई दी।
कहा कि क्षेत्र में पिछले पंद्रह दिन से गुलदार का आतंक बना हुआ है। गुलदार अब तक दो बकरियां व एक बछिया को निवाला बना चुका है। इसी दौरान गुलदार एक बैल और एक गाय को घायल कर चुका है। जिससे ग्रामीणों में दहशत बनी हुई है। स्थिति यह है कि ग्रामीण समूह में ही पशुओं को चुगाने और चारा पत्ती लाने के लिए आवाजाही कर रहे हैं। सोमवार को क्षेत्र के विद्यालय खुल गए हैं। अभिभावक अपने बच्चों को समूह में स्कूल छोड़ने व लेने के लिए गए।
बीईओ डॉ. सुरेंद्र सिंह नेगी ने कहा कि सोमवार को विधिवत रूप से गुलदार प्रभावित क्षेत्र में विद्यालय खुल गए हैं। इस संबंध में एसडीएम शालिनी मौर्य को पत्र भेजा गया था। उन्होंने विद्यालयों के माध्यम से प्रस्ताव जिला प्रशासन को भेजने को कहा था। जिस पर संबंधित विद्यालयों से प्रस्ताव मांगे गए हैं, लेकिन अभी तक किसी भी विद्यालय की ओर से कोई प्रस्ताव नहीं मिला है। गुलदार प्रभावित गांव बामसू में गुलदार की मूवमेंट नजर नहीं आई है। प्रभावित गांव में आठ कैमरा ट्रैप लगाए गए हैं और क्षेत्र में वनकर्मियों की गश्त जारी है।
-नक्षत्र शाह, रेंज अधिकारी पोखड़ा