होली मनाकर मैदानी क्षेत्रों में लौटने लगे लोग, खाली होने से फिर सूने हुए पहाड़
कोटद्वार। होली पर्व के बाद वीकेंड पर दिल्ली, एनसीआर और मैदानी क्षेत्रों में गढ़वालवासियों के लौटने से रविवार को रोडवेज डिपो क्षेत्रों में दोपहर बाद तक मेला लगा रहा। यात्रियों से खचाखच भरी डिपो की बसें गंतव्य के लिए रवाना हुईं। वहीं, दिल्ली रूट पर सात अतिरिक्त बसों को लगाया गया।
इस हफ्ते की शुरुआत में ही होली पर्व पर गढ़वाल के लोग दिल्ली, एनसीआर आदि मैदानी क्षेत्रों से पहाड़ों पर अपने घरों में लौटे थे। पहाड़ों में उल्लास के पांच-छह दिन बिताकर गढ़वाल के लोग फिर से आजीविका के लिए मैदानी क्षेत्रों की ओर रवाना होने लगे। रविवार सुबह से ही कोटद्वार रोडवेज डिपो में यात्रियों की खासी भीड़ रही। कोटद्वार से दिल्ली के लिए संचालित सभी बसें यात्रियों से खचाखच भरी रहीं। इसके अलावा गुरुग्राम, फरीदाबाद, नोएडा आदि क्षेत्रों के लिए रवाना हुई बसों में भी यात्रियों की भीड़ रही।
एआरएम अनुराग पुरोहित ने बताया कि आम दिनों में दिल्ली के लिए 18 बसें संचालित होती है लेकिन सोमवार को यात्रियों की काफी भीड़ को देखते हुए एक-एक कर दोपहर तक सात अतिरिक्त बसें दिल्ली भेजी गईं। इससे यात्रियों को सुविधा हुई और डिपो की आय में वृद्धि होगी। उन्होंने मंगलवार सुबह भी नियमित बसों के साथ-साथ अतिरिक्त बस लगाकर ज्यादा यात्रियों को रोडवेज परिवहन का लाभ देने की बात कही।