एसडीओ फॉरेस्ट ने डीएफओ को सौंपी जांच रिपोर्ट
संवाद न्यूज एजेंसी
कोटद्वार। लैंसडौन वन प्रभाग के लालढांग रेंज के पापीडांडा खाम, जसपुर प्रथम और द्वितीय बीट में 30 से अधिक सागौन के पेड़ काटने की शिकायत झूठी निकली। इस मामले में की गई दोहरी जांच की रिपोर्ट एसडीओ फॉरेस्ट ने डीएफओ लैंसडौन को सौंप दी गई है।
डीएफओ नवीन पंत ने बताया कि बीते जून माह में अवैध पातन की खबरें सोशल मीडिया पर चली थीं जिसमें वन निगम की ओर से चल रहे लॉटों के कटाव व ढुलान की आड़ में अवैध रूप से सागौन के पेड़ कटने की बातें अधिकारियों के संज्ञान में आई थी। तत्कालीन डीएफओ ने इस मामले में लैंसडौन के एसडीओ फाॅरेस्ट से मामले की जांच कराई थी। एसडीओ की ओर से उक्त खबर को गलत बताया गया है। कहा कि निर्धारित बीटों में वन निगम को आवंटित लॉट के अलावा कहीं भी अवैध पातन नहीं हुआ है। इस मामले में चिलरखाल वन चेकपोस्ट से भी सीसीटीवी फुटेज लेकर उनकी जांच की गई थी। एसडीओ की अगुवाई में वन कर्मियों की टीम ने पूरे क्षेत्र का निरीक्षण भी किया था। कहीं भी अवैध पातन से संबंधित कोई साक्ष्य जांच टीम को नहीं मिला।