कोटद्वार। जीएसटी में व्यापारियों को आ रही समस्याओं का निस्तारण करने के लिए केंद्रीय माल एवं सेवा कर विभाग की ओर से बीईएल सभागार में जीएसटी सेमीनार का आयोजन किया गया। प्रधान आयुक्त पीके गोयल ने व्यापारियों को जीएसटी प्रक्रिया की जानकारी दी। कहा कि जीएसटी में पूरी पारदर्शिता के साथ आनलाइन काम होगा। व्यापारी किसी भी दिक्कत के लिए अधिकारियों से दफ्तर में संपर्क कर सकते हैं।
सहायक आयुक्त ऋषिकेश मंडल स्वपन दास और कोटद्वार रेंज अधीक्षक एके सिंघल ने व्यापारियों से कहा कि जिस व्यापारी के नाम से माल होगा, उसके लेखा-जोखा और कर भुगतान की जिम्मेदारी उसी व्यापारी की होगी। जिन व्यापारियों के पास दूसरे राज्यों से मंगाया पुराना स्टाक है, उन्हें समाधान योजना का लाभ नहीं मिलेगा। कहा कि ट्रांस-1 फार्म पोर्टल में आनलाइन लाने की समस्या का समाधान सरकार द्वारा जल्द किया जाएगा। यह एक तकनीकी प्रक्रिया है। जीएसटी भुगतान किए गए माल पर ही व्यापारियों को इनपुट मिलेगा। व्यापारियों के रिकार्ड पारदर्शिता के आधार पर ही स्वीकार किए जाएंगे। जीएसटी का भुगतान माल की सप्लाई पर ही होगा। कहा कि जीएसटी का कोई भी प्रावधान उन व्यापारिक प्रतिष्ठानों पर लागू होगा, जिसके नाम पर जीएसटी नंबर लिया गया है। व्यापारियों के बिल पर यदि जीएसटी नंबर होगा तो रिटर्न भरने के दौरान स्वयं खाते में इनपुट आ जाएगा। इस मौके पर व्यापार मंडल के महामंत्री लाजपत राय भाटिया, जिलाध्यक्ष अजय अग्रवाल, पंकज भाटिया, सेवक राम मानुजा आदि व्यापारी उपस्थित रहे।