यमकेश्वर। लक्ष्मणझूला-कांडी-दुगड्डा हाईवे की बारिश ने हालत बिगाड़कर रख दी है। कई स्थानों पर जहां पहाड़ी से आया मलबा पड़ा है, वहीं कई स्थानों पर सड़क धंसी हुई है। खस्ताहाल सड़क पर ही यातायात संचालित किया जा रहा है, जिससे हादसों की आशंका बनी हुई है। ठांगर, दिऊली और मलेलगांव में सड़क पर बने रपटे पूरी तरह बह चुके हैं, लेकिन विभाग बरसात खत्म होने का इंतजार कर रहा है। सड़क की हालत को देखते हुए तीन दिन से कांडी में राशन के ट्रक खड़े हैं। तूनखाल से दमराड़ा के गोदाम में भी इंडेन गैस के ट्रक नहीं पहुंच पा रहे हैं।
गत चार सितंबर को यमकेश्वर क्षेत्र में भारी बारिश हुई, जिससे गाड-गदेरे उफान पर रहे। बारिश से लक्ष्मणझूला-कांडी-दुगड्डा हाईवे का बुरा हाल बना है। मार्ग कोटद्वार से ऋषिकेश समेत समेत दुगड्डा, द्वारीखाल और यमकेश्वर के सैकड़ों गांवों को यातायात सुविधा प्रदान करता है। कई जगह पर सड़क और रपटे बह जाने से यहां से आवाजाही करने वाले वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मार्ग पर बाड्यू, ग्वाड़ी, कांड़ी, दमराड़ा, तूनखाल, उमड़ा, फल्दाकोट, दीउली आदि स्थानों पर मलबा आया हुआ है। ठॉगर, दीउली के मलेलगांव आदि स्थानों में रपटे पूरी तरह से टूट गए हैं। मोटर मार्ग कई जगह धंस गया है। ग्रामीण कुलदीप सिंह, अनूप सिंह, मुकेश सिंह, गजेंद्र सिंह, प्रदीप रतूड़ी, पंकज नेगी, मनमोहन सिंह, राजेश कंडवाल, हर गोविंद सिंह, गंगा रतूड़ी ने बताया कि तूनखाल में मोटर मार्ग का पुस्ता टूटा है। मार्ग की मरम्मत और रखरखाव का जिम्मा एडीबी दुगड्डा के पास है। सड़क की खराब होेने से भड़ेत स्थित गोदाम में राशन नहीं पहुंच पा रही है। मोटर मार्ग पर उमरोली, पातली, फल्दाकोट तथा खैरखाल के समीप मोटर मार्ग पर गड्ढे हुए है।
इस बरसात में सड़क को काफी नुकसान पहुंचा है। सबसे पहले डेंजर प्वाइंट को चिह्नित कर ठीक किया जा रहा है। सड़क को ठीक होने में टाइम लगेगा।
-आलोक जैन, सहायक अभियंता, लोनिवि एडीबी दुगड्डा