कोटद्वार। एक महीने से पेयजल किल्लत से परेशान खूनीबड़ गांव के ग्रामीणों ने जलनिगम अधिशासी अभियंता का घेराव किया। ईई के जवाब से संतुष्ट नहीं होने पर ग्रामीणों ने तहसील में जल निगम के खिलाफ प्रदर्शन किया और एसडीएम को ज्ञापन सौंपकर ग्रामीणों को पर्याप्त पानी उपलब्ध कराने की मांग की।
मंगलवार को आक्रोशित खूनीबड़ के ग्रामीण जलसंस्थान कार्यलय पहुंचे। उन्होंने अधिशासी अभियंता के समक्ष पिछले एक महीने से पेयजल आपूर्ति की परेशानी को लेकर नाराजगी जताई। जिसपर वर्षों पुरानी पेयजल लाइन का हवाला देते हुए अधिकारी ने बजट का अभाव बताया। कहा कि इसके लिए बजट का प्रस्ताव गया है, शासन से पैसा आने पर लाइन डालने पर विचार किया जाएगा। जवाब से असंतुष्ट होकर लोग तहसील पहुंच गए। उन्होंने एसडीएम कार्यालय के समक्ष जलसंस्थान के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस अवसर पर ग्रामीणों ने विभाग पर उन्हें पर्याप्त पेयजल उपलब्ध नहीं कराने का आरोप लगाया। कहा कि पिछले एक महीने से गांव में पानी की समस्या बनी हुई है। पुरानी पेयजल लाइन होने के कारण लोगों को एक बाल्टी पानी के लिए परेशान होना पड़ रहा है। विभाग की ओर से कभी कभार पानी को टैंकर भेजा जाता है, लेकिन गांव के करीब 80 परिवारों के लिए एक टैंकर पानी पर्याप्त नहीं हो रहा है। ऐसे में बिना पानी के लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कहा है कि विभाग के अधिकारियों को शिकायत करने के बाद भी विभाग न तो पाइप लाइन डाल रहा है और न ही उनके लिए पानी की वैकल्पिक व्यवस्था कर रहा है। इस अवसर पर हरीश सिंह, आलम सिंह, सुनीता देवी, सावित्री देवी, आशा बिष्ट, सपना बहुगुणा, यशोदा देवी, ललिता देवी, लक्ष्मी देवी, वीरेद्र सिंह रावत, मधू रावत, आशा देवी, पूर्ण सिंह भंडारी आदि मौजूद थे।