दो दिन बाद हरिद्वार आ रहे महामहिम राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी के बेटे अभिजीत मुखर्जी ने यहां पहुंचकर मां गंगा की आरती की। साथ ही वीआईपी घाट पर स्नान किया। उन्होंने इस अवसर पर मां गंगा की स्वच्छता और निर्मलता के लिए काम करने का भी संकल्प लिया। कहा कि गंगा तट पर पहुंचकर वह स्वयं को गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं। गंगा की प्रवित्रता को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि इसके लिए हम सबको मिलकर प्रयास करने होंगे।
अभिजीत मुखर्जी मंगलवार की शाम हरिद्वार पहुंचे। उन्होंने सबसे पहले यहां वीआईपी घाट पहुंचकर गंगा में स्नान किया। उसके बाद हरकी पैड़ी पहुंचकर मां गंगा की ऐतिहासिक आरती और पूजा अर्चना की। गंगा सभा की ओर से ग्यारह तीर्थ पुरोहितों ने विधि विधान से पूजा कराकर अभिजीत मुखर्जी से गंगा में प्रसाद और दुग्ध अर्पित कराया। इस मौके पर उन्होंने गंगा की पवित्रता के लिए कार्य करने की शपथ भी ली। यहां पहुंचने पर गंगा सभा के अध्यक्ष पुरुषोत्तम शर्मा गांधीवादी, सभापति कृष्णकुमार ठेकेदार, महामंत्री रामकुमार मिश्रा, समाज कल्याण मंत्री आशुतोष शर्मा, स्वागत मंत्री श्रीकांत वशिष्ठ, प्रदीप झा आदि ने उनका स्वागत किया।
बाद में पत्रकार वार्ता करते हुए अभिजीत मुखर्जी ने कहा कि हरिद्वार में गंगा जितनी स्वच्छ है इतनी कोलकाता में नहीं है। वहां कई क्षेत्रों में लोग बैलगाड़ी से गंगा जल लेकर जाते थे। गंगाजल लाने की परंपरा आज भी है। वे भी अपने घर में पूजा के लिए गंगा का जल लेकर जा रहे है और अब दुर्गा पूजा में भी इसका प्रयोग करेंगे। केंद्र सरकार की ओर से स्वच्छ गंगा के लिए चलाए जा रहे अभियान को उन्होंने सराहनीय कदम बताया, लेकिन कहा कि इतने भर से कुछ वाला नहीं है। हम सभी को इसके लिए प्रयास करना होगा।