आमतौर से सरकारी काम टेंडर होने के महीनों बाद भी शुरू नहीं हो पाते। लेकिन हरिद्वार-रुड़की विकास प्राधिकरण ने सम्राट पृथ्वीराज चौहान की प्रतिमा लगाने के लिए काम में ऐसी तेजी दिखाई कि टेंडर डालने के छह दिन बाद ही प्रतिमा बन भी गई और अनावरण भी हो गया।
मुख्यमंत्री हरीश रावत ने बुधवार को बहादराबाद ब्लाक कार्यालय के सामने स्थित शहीद पार्क में सम्राट पृथ्वीराज चौहान की मूर्ति का अनावरण किया है। इस प्रतिमा बनवाने के लिए प्राधिकरण ने एक दिसंबर को ही निविदा डलवाई थी। 10 लाख रुपये की अनुमानित लागत के इस कार्य को पूरा करने की अवधि निविदा में तीन महीने निर्धारित है।
30 नवंबर को जब कुछ ठेकेदारों ने इस काम का टेंडर डालने का प्रयास किया तो विवाद भी हुआ था। ठेकेदार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने टेंडर डालने पर अड़े ठेकेदारों को यह कहकर मनाया कि अधिकारियों ने विश्वास पर यह कार्य किसी को दे दिया है और काम शुरू भी हो गया है। इसमें उन्हें सहयोग करना चाहिए। इस दबाव में टेंडर डालने की जिद करने वाले ठेकेदार पीछे हट गए थे। कागजी खानापूर्ति के लिए जिस ठेकेदार को पहले ही काम दे दिया गया था उसके द्वारा अपने पक्ष में टेंडर डलवा दिए गए थे ताकि काम उसी को मिले। एक दिसंबर को टेंडर डाले व खोले जाने के दिन भी कुछ कामों को लेकर ठेकेदारों को पूल करने में काफी मशक्कत करनी पड़ी थी। गौरतलब है कि प्राधिकरण ने लगभग साढ़े पांच करोड़ की अवस्थापना विकास निधि से 34 विकास कार्यों के लिए निविदाएं आमंत्रित की थी। मुख्यमंत्री की घोषणा वाला काम क्रम संख्या 12 पर अंकित हैं। चार दिन के अंदर मूर्ति बन भी गई और मुख्यमंत्री के अनावरण के लिए पहुंच भी गई यह किसी चमत्कार से कम नहीं है।
चार दिन पूर्व दिया था वर्क आर्डर
हरिद्वार-रुड़की विकास प्राधिकरण ने मुख्यमंत्री की घोषणा के बहादराबाद ब्लाक कार्यालय के सामने शहीद पार्क में सम्राट पृथ्वीराज चौहान की मूर्ति की आपूर्ति एवं स्थापना कार्य का वर्क आर्डर चार दिन पूर्व ठेकेदार सलीम को जारी कर दिया गया था। इसमें कुछ भी गलत नहीं है।
- अरविंद कुमार पांडेय सचिव, एचआरडीए।