राजकीय प्राइमरी स्कूल मिस्सरपुर में भोजन माता को लेकर हंगामा खड़ा हो गया। एसएमसी की बैठक में कुछ लोगों ने आगंतुक रजिस्टर छीनने का प्रयास भी किया। विवाद में स्कूल की एकल शिक्षिका ने भोजन माता से जान का खतरा जताया है। डिप्टी बीईओ को इस बाबत लिखित शिकायत भी की गई है।
लालढांग प्राइमरी स्कूल में शिक्षिका और प्रधानाध्यापक का विवाद अभी खत्म नहीं हो पाया है। नया मामला मिस्सरपुर प्राइमरी स्कूल में सामने आया है। दिसंबर माह में अभिभावकों ने भोजन माता पर स्कूल का माहौल खराब करने का आरोप लगाते हुए हटाने की मांग की थी। इसके बाद दिसंबर और जनवरी माह की एसएमसी बैठकों में भोजन माता को हटाने का प्रस्ताव भी लाया गया, लेकिन 31 मार्च के बाद अगले वित्तीय वर्ष से भोजन माता को बदलने की बात तय हुई। शुक्रवार की बैठक में भोजन माता और उसके साथ आए लोगों ने जमकर हंगामा किया। प्रधानाध्यापिका बाला रावत के साथ अभद्र व्यवहार करते हुए आगंतुक रजिस्टर ले जाने का प्रयास भी किया। प्रधानाध्यापिका ने विभाग को जानकारी दी और संकुल समन्वयक ने मौके पर पहुंचकर विवाद शांत कराया।
प्रधानाध्यापिका ने अब डिप्टी बीईओ को शिकायत कर भोजन माता से जान का खतरा जताया है। आरोप लगाया कि भोजन माता उसे झूठे मामलों में फंसाने की धमकी दे रही है और उससे लगातार खतरा बना हुआ है। वहीं प्रभारी डीईओ बेसिक दिनेश चंद्र डिमरी का कहना है कि मामले की जानकारी ली जाएगी। स्कूल का माहौल खराब करने वालों के खिलाफ कार्रवाई कराई जाएगी।