चुनाव आचार संहिता के बीच खानपुर व बुग्गावाला में खनन का सच किसी ने कुबूल किया और किसी ने सिरे से नकारा। पुलिस प्रशासन के ज्यादातर अफसरों ने खनन से अनभिज्ञता जताई। केवल बुग्गावाला एसओ ने खनन कुबूल करते हुए यह सफाई दी कि उन्होंने तीन दिन पहले ही चार्ज लिया है। बहरहाल जिला निर्वाचन अधिकारी/जिलाधिकारी ने सख्ती से खनन पर रोक लगाने के निर्देश दिए हैं।
जनपद में श्यामपुर, पथरी, लक्सर, खानपुर और बुग्गावाला क्षेत्र अवैध खनन का गढ़ है। शिकायतों के बावजूद कार्रवाई न होने पर खनन के पीछे राजनीतिक संरक्षण की बात भी अक्सर सामने आती है, लेकिन आचार संहिता लगने पर जब अफसरशाही से नेताओं का दखल खत्म हो जाता है, ऐसे समय में भी अवैध खनन किया जा रहा था। अमर उजाला ने सोमवार के अंक में खानपुर व बुग्गावाला की नदियों में अवैध खनन का एक्सक्लूसिव फोटो सहित खुलासा किया था। जिससे खनन माफिया के साथ साथ प्रशासन में भी हड़कंप मच गया था। खबर के जरिये अफसर राज में खनन का सच सामने आने पर जिलाधिकारी हरबंस सिंह चुघ ने एसएसपी और एडीएम को पत्र जारी कर संबंधित अधिकारियों से स्पष्टीकरण मांगने के निर्देश दिए थे।
जिसपर दोनों अधिकारियों ने लक्सर और भगवानुपर के एसडीएम और तहसीलदार, सीओ लक्सर व भगवानपुर, कोतवाल लक्सर, एसओ खानपुर व बुग्गावाला को नोटिस जारी कर पूछा गया था कि आचार संहिता के बीच खनन कैसे चल रहा है। मंगलवार को सभी अधिकारियों ने अपने जवाब उच्च अधिकारियों को भेजे। जिनमें अधिकांश अधिकारियों ने खनन को नकारते हुए दावा किया कि उनके क्षेत्र में खनन हुआ ही नहीं। जिलाधकारी कार्यालय से प्राप्त जानकारी के अनुसार अपने जवाब में केवल एसओ बुग्गावाला ने आंशिक रूप से खनन की बात स्वीकार की। साथ ही अपनी सफाई भी दी है कि उन्होंने तीन दिन पहले ही चार्ज लिया है। ऐसा हो सकता है कि पहले से कहीं खनन चल रहा हो। जवाब मिलने पर जिलाधिकारी ने एक बार फिर अधीनस्थों को खनन पर निगरानी रखने के निर्देेश दिए हैं। डीएम ने बताया कि खनन किसी सूरत नहीं होने दिया जाएगा। आचार संहिता के बीच खनन पर उस क्षेत्र के अधिकारी जिम्मेदार होंगेे।
दूसरे दिन भी नहीं दिखे खनन माफिया
हरिद्वार। अफसर राज में खनन का खुलासा होने और प्रशासन के कदम उठाने पर माफिया दूसरे दिन भी छिपा रहा। दरअसल सोमवार को खबर का प्रकाशन होते ही जिलाधिकारी ने नोटिस जारी कराए। क्षेत्रीय अधिकारियों को नोटिस मिलते ही खनन माफिया भूमिगत हो गए। अधिकारियों ने उसी स्थिति का हवाला देकर अपने जवाब आला अधिकारियों को भेजे जबकि हकीकत यह है कि सोमवार से पहले तक खानपुर और बुग्गावाला सहित कई अन्य क्षेत्रों में खनन बदस्तूर चलता रहा। कार्रवाई के दूसरे दिन मंगलवार को किसी भी क्षेत्र से खनन की सूचना नहीं मिली।
रिपोर्ट प्राप्त हो गई है। सभी रिपोर्टों का परीक्षण किया जा रहा है। खनन पूरी तरह बंद रखने के निर्देश दिए गए हैं। इसके बावजूद कहीं खनन पाया जाता है तो संबंधित क्षेत्र के राजस्व और पुलिस अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
- हरबंस सिंह चुघ, जिलाधिकारी हरिद्वार