हरिद्वार। विश्व स्तनपान कार्यक्रम और वजन एवं पोषण दिवस के तहत चलाए जा रहे जागरूकता कार्यक्रम में बड़ा मामला सामने आया। महिला की सास उसके नवजात बच्चे को स्तनपान नहीं कराने देती है। इससे महिला के तीन बच्चों की मौत हो चुकी है और अब चौथा बच्चा भी अति कुपोषित है। मौके पर पहुंची सीएमओ ने बच्चे को स्तनपान करवाया और मां और बेटे को एनआरसी केंद्र में भर्ती कराने के निर्देश दिए।
सोमवार को सीएमओ डॉ. सरोज नैथानी ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण किया। इस दौरान वह बहादराबाद ब्लॉक में आंगनबाड़ी केंद्र इंद्रगढ़ पहुंचीं। वहां पर गांव के निरीक्षण के दौरान एक घर में उन्होंने देखा कि एक चार महीने के बच्चे का वजन मात्र चार किलोग्राम और उसकी मां का वजन भी 35 किलोग्राम है, जोकि मानकों के अनुरूप अति गंभीर है। बच्चे की मां से बातचीत की गई तो उसने बताया कि उसके तीन बच्चों की मौत कुपोषण के चलते पहले ही हो चुकी है। सबसे बड़ा मामला यह सामने आया कि उसकी सास उसे स्तनपान नहीं कराने दे रही है। इस कारण चौथा बच्चा भी अति कुपोषण का शिकार होता चला जा रहा है। सीएमओ ने मामले को गंभीरता से लेते हुए महिला को स्तनपान कराने के लिए प्रेरित कर बच्चे को स्तनपान कराया। बच्चे और मां को मेला अस्पताल स्थित एनआरसी केंद्र में भर्ती करने की सलाह दी गई। गांव इंद्रगढ़ में एनजीओ मानसी को कुपोषण एवं शीघ्र स्तनपान के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए निर्देशित किया गया।
सीएमओ एवं टीम ने कई केंद्रों पर किया निरीक्षण
सीएमओ ने विश्व स्वास्थ्य संगठन की एसएसओ डॉ. मनप्रीत कौर के साथ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ज्वालापुर, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र औरंगाबाद, आंगनबाड़ी केंद्र इंद्रगढ़, डालूवाला व उपकेंद्र खालाटीरा का निरीक्षण किया। इसी के साथ मुख्य सीएमओ के निर्देर्शों में जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. अजय कुमार ने विकास खंड बहादराबाद के अंतर्गत उपकेंद्र श्यामपुर कांगड़ी, गैंडीखाता तथा जिला सहायक प्रतिरक्षण अधिकारी राजीव कुमार ने विकास खंड भगवानपुर के उपकेंद्र हल्लू माजरा, नवादा, धीरमाजरा निरीक्षण किया गया। वहां पर एएनएम एवं आशाओं द्वारा गर्भवती माताओं एवं अन्य महिलाओं की कांउसिलिंग के साथ-साथ टीकाकरण का कार्य भी किया जा रहा था।