विधानसभा चुनाव में किसी प्रत्याशी अथवा राजनीतिक दल के कार्यकर्ता का मतदाताओं को पैसा या दूसरा लोभ देकर रिझाना महंगा पड़ सकता है। ऐसे मामलों में कड़ी कार्रवाई की जाएगी। निर्वाचन आयोग की ओर से चुनाव प्रक्रिया पर लगातार नजर रखी जाएगी।
गढ़वाल मंडल आयुक्त विनोद शर्मा तथा डीआईजी पुष्पक ज्योति ने शनिवार को यहां चुनाव तैयारियों की समीक्षा की। आयुक्त विनोद शर्मा ने कहा कि आदर्श आचार संहिता का पूरी तरह पालन कराया जाए। उन्होंने पोस्टर, बैनर तथा झंडे हटवाने के निर्देश दिए। कहा कि ऐसी किसी भी प्रकार की गतिविधि की अनुमति नहीं दी जाएगी, जिससे निर्वाचन प्रक्रिया बाधित हो। सांप्रदायिकता व कानून व्यवस्था के साथ खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने रिटर्निंग अधिकारियों को उम्मीदवारों के साथ बैठक करने और उनके संपर्क में रहने को कहा। आयुक्त ने कहा कि सरकारी एवं सार्वजनिक स्थलों पर सभी सरकारी विज्ञापन हटाने के भी निर्देश दिए।
डीआईजी पुष्पक ज्योति ने कहा कि धार्मिक स्थलों पर प्रचार करना प्रतिबंधित है । मतदाता को रिश्वत देना, डराना, धमकाना, भ्रष्ट आचरण माना जाएगा। राजनीतिक दलों एवं प्रत्याशियों को रैली, बैठक आदि के लिए पहले अनुमति लेनी होगी। बैठक में सीडीओ डा. मेहरबान सिंह बिष्ट, एडीएम डा. अभिषेक त्रिपाठी, एस पी सिटी परमेंद्र डोबाल, एसपी ग्रामीण मणिकांत मिश्र समेत सभी रिटर्निंग अधिकारी और प्रभारी अधिकारी उपस्थित थे।