रोशनाबाद। चरस बेचने वाले दो आरोपियों को कोर्ट ने दोषी पाते हुए दस-दस साल का कारावास की सजा और अर्थदंड के रूप में एक-एक लाख रुपये का जुर्माना लगाया है।
शासकीय अधिवक्ता प्रदीप जगता ने बताया कि वादी उप निरीक्षक विकास भारद्वाज ने थाना पथरी में चार अगस्त 2009 को मुकदमा दर्ज कराया। जिसमें उन्होंने बताया था कि चार अगस्त को जब वह पुलिस टीम के साथ एक अभियुक्त को गिरफ्तार करने पथरी गए थे तो एक मुखबिर ने सूचना दी थी कि पथरी रेलवे स्टेशन पर दो व्यक्ति संदिग्ध हालत में घूम रहे है। पुलिस ने दोनों की तलाशी ली तो उनके पास से एक-एक किलो चरस बरामद हुई। वह आसपास के क्षेत्रों में चरस सप्लाई करते थे। पुलिस द्वारा नाम पता पूछने पर एक ने अपना नाम शोयब पुत्र भूरा एवं नोमान पुत्र इदरीश निवासी नूना दोनों निवासी ग्राम नूनाबड़ी थाना बड़गांव जिला सहारनपुर है। पुलिस ने दोनों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया। इस मामले में सुनवाई के दौरान अभियोजन की ओर से पांच गवाह पेश किए गए। दोनों पक्षों के साक्ष्य एवं दलिलों को सुनने के बाद विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस एक्ट विध्यांचल सिंह ने आरोपियों को एक्ट के तहत दोषी पाते हुए दस-दस साल का कारावास और एक-एक लाख रुपये की जुर्माना की सजा सुनाई। जुर्माना अदा न करने पर दोषियों को छह-छह माह का कारावास अतिरिक्त भुगतना होगा।