ब्यूरो/अमर उजाला, हरिद्वार
पंचपुरी में हुई चोरी की घटनाओं का खुलासा करते हुए ज्वालापुर पुलिस और सीआईयू ने वेस्ट यूपी के दो आरोपी दबोचे हैं जबकि गैंग के दो बदमाश हत्थे नहीं चढ़े हैं। एक आरोपी को हाल फिलहाल में ऋषिकेश पुलिस ने चोरी की वारदात को अंजाम देने के आरोप में जेल भेजा है। पुलिस के हत्थे चढ़े आरोपियों के कब्जे से नौ मोबाइल फोन, एक लैपटॉप, एक एलईडी और सेंट्रो कार बरामद की है।
कोतवाली ज्वालापुर में संवाददाताओं को जानकारी देते हुए एसएसपी जन्मेजय प्रभाकर खंडूड़ी ने बताया कि ज्वालापुर और कनखल क्षेत्र में घटी चोरी की घटनाओं के खुलासे को पुलिस टीमें गठित की गई थी। मंगलवार की देर रात कोतवाली प्रभारी मनोज मैनवाल की अगुवाई में पुलिस टीम ने हरिलोक कालोनी तिराहे के पास रुड़की की ओर से आ रही एक कार को रोक लिया। कार की तलाशी लेने पर एलईडी, नौ मोबाइल फोन, एक लैपटॉप एवं चोरी की वारदात को अंजाम देने में प्रयुक्त होने वाले उपकरण से भरा बैग बरामद हुआ। कार सवार दो युवकों को कोतवाली लाकर की गई पूछताछ में उन्होंने हरिद्वार, ऋषिकेश और रुड़की में चोरी की कई घटनाओं को अंजाम देने की कबूल ली। एसएसपी के अनुसार आरोपियों के नाम मुस्तकीम उर्फ सलमान पुत्र मुर्सलीन और इसरार पुत्र युनूस निवासीगण शाहजमाल किठौर मेरठ है। इनके दो साथी मोहसीन पुत्र सलीम निवासी डासना गाजियाबाद यूपी और रियाजुद्दीन पुत्र शौकत अली निवासी मुकिमपुर बिलखुवा हापुड़ यूपी फरार चल रहे हैं। एक साथी फिरोज पुत्र बाबू निवासी डासना गाजियाबाद को कुछ दिन पूर्व ही ऋषिकेश पुलिस ने चोरी के मोबाइल फोन के साथ पकड़ा है। एसएसपी ने बताया कि आरोपियों ने सीतापुर, श्रीनाथनगर, गुरुबख्श विहार कनखल में घर और दुकान में चोरी करने की बात कबूली है। उन्होंने बताया कि जेवर बेचकर मिले रुपये आरोपियों ने आपस में बांट लिए थे। इस दौरान एसपी सिटी कमलेश उपाध्याय, एएसपी आयुष अग्रवाल, कोतवाली प्रभारी मनोज मैनवाल, सीआईयू प्रभारी राजीव चौहान, एसआई ओमकांत भूषण मौजूद रहे।