अमर उजाला ब्यूरो
हरिद्वार।
सप्तऋषि क्षेत्र में शुक्रवार सुबह राजस्थान के चुरू जिले के दो किशोर गंगा में डूब गए। जल पुलिस ने सर्च आपरेशन के बाद उनके शव ढूंढ निकाले। किशोरों की मौत से परिजनों में कोहराम है। जिलाधिकारी दीपक रावत के आदेश के बाद बिना पोस्टमार्टम के ही शव परिजनों को सौंप दिए गए।
घटना शुक्रवार सुबह करीब ग्यारह बजे की बताई जा रही है। यहां शांतिकुंज में ठहरे राजस्थान के चुरु जिले के गांव सुजानगढ़ से दो परिवारों के सदस्य सुबह सप्तऋषि गंगा घाट पर नहाने गए थे। परिवार के दो किशोर हंसराज (16) पुत्र ओमकार एवं गोपाल (17) पुत्र रामनिवास एक- दूसरे का हाथ पकड़कर गंगा स्नान कर रहे थे। इसी दौरान पैर फिसलने से वे तेज बहाव की चपेट मे आ गए। गंगा घाट पर मौजूद परिजनों ने शोर मचाया, लेकिन गंगा घाट पर मौजूद किसी भी व्यक्ति ने किशोरों को बचाने का साहस नहीं जुटाया। घटना की सूचना पाकर सप्तऋषि चौकी प्रभारी रणवीर सिंह चौहान और केपी जोशी तुरंत मौके पर पहुंचे। आनन- फानन में जल पुलिस के साथ ही क्षेत्र के निजी गोताखोरों को भी बुलाया गया। घटनास्थल से कुछ दूरी पर जल पुलिस एवं निजी गोताखोरों ने किशोरों के शव गंगा से निकाल लिए। शवों को देखकर परिजन का रो- रो कर बुरा हाल रहा। पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेजा, लेकिन डीएम दीपक रावत के आदेश पर बिना पोस्टमार्टम के ही शव परिजनों को सौंप दिए गए। चौकी प्रभारी ने बताया कि हंसराज दसवीं और गोपाल ग्यारहवीं का छात्र था।