अमर उजाला ब्यूरो
हरिद्वार। पत्नी की हत्या के संदेह में आए सूरज ने भी कहीं आत्महत्या तो नहीं कर ली, इस दिशा में भी पुलिस तफ्तीश कर रही है। इसकी वजह फरार होने से पहले पड़ोसियों से सूरज के कहे वो शब्द हैं, जिसमें उसने कहा था कि पत्नी के बिना वह नहीं जी सकेगा। इधर, मायके और ससुराल पक्ष ने संयुक्त रूप से कनखल श्मशान घाट पर सरिता का दाह संस्कार किया।
पुलिस की जांच में सामने आया कि शराब पीने का आदी सूरज गांव में रहते समय भी पत्नी के साथ झगड़ा करता था। रानीपुर क्षेत्र के सिडकुल बाईपास के समीप किराये पर रह रही सरिता का खून से लथपथ शव मिला था। उसके गले पर चोट के निशान पाए गए थे। बुधवार सुबह पड़ोसियों को पत्नी के बेसुध होने की जानकारी देने के बाद सूरज फरार हो गया था।
मूल रूप से यूपी के रायबरेली निवासी सूरज यहां अभिनव ट्रांसपोर्ट पर कार्यरत था। बृहस्पतिवार को चिकित्सकों के पैनल ने वीडियोग्राफी के बीच महिला का पोस्टमार्टम किया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में महिला की मौत दम घुटने से होना सामने सामने आया है। इधर, रायबरेली से सूरज की मां सोबती देवी एवं जौनपुर से मायके पक्ष से महिला का भाई राहुल यहां रिश्तेदारों के साथ पहुंचे। तब सामने आया कि शराब पीने का आदी सूरज गांव में भी पत्नी के साथ मारपीट करता था और अक्सर दोनों में विवाद रहता था। कोतवाली प्रभारी यशपाल सिंह बिष्ट ने बताया कि सूरज ने पड़ोसियों से न जीने की बात कही थी, इस दिशा में भी जांच कर रहे है।
पति को दबोचना बड़ी चुनौती
सूरज ने देर रात ही अपना मोबाइल फोन तोड़ दिया था। ऐसे में पुलिस के सामने उसे धर- दबोचना बड़ी चुनौती है। सूरज ने अपने परिजनों से भी संपर्क नहीं साधा है। वह पेशे से ट्रक चालक है, और घुमक्कड़ प्रवृति का है। पुलिस का कहना है कि पत्नी के पास मोबाइल फोन ही नहीं था।