हरिद्वार। चारधाम यात्रा शुरू होने के एक दिन पहले ही शहर की यातायात व्यवस्था पूरी तरह से पटरी से उतरी नजर आई। हाईवे पर सुबह से दोपहर तक वाहन रेंगरेंग कर निकलते रहे। इस दौरान जाम से बचने के चक्कर में आटो चालकों ने लोकल सवारियां नहीं बिठाई, जिससे लोग परेशान रहे। पुलिस यदि इसी तरह से लापरवाह बनी रही तो आने वाले दिनों में यात्रा के दौरान स्थानीय लोगों के साथ यात्रियों को भी जाम की समस्या से दो चार होना पड़ेगा। मई के अंतिम सप्ताह से चारधाम यात्रा जोर पकड़ने की उम्मीद है।
यूं तो हर शनिवार और रविवार को शहर में हाईवे पर जाम लगा रहता है, लेकिन सोमवार से शुरू हो रही चारधाम यात्रा से एक दिन पहले पुलिस और स्थानीय प्रशासन की ओर से कोई अतिरिक्त इंतजाम नहीं दिखे। दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान के यात्री केदारनाथ और गंगोत्री जाने के लिए रविवार को ही आधे रास्ते तक पहुंचने के लिए सुबह ही यहां पहुंच गए थे। दीनदयाल उपाध्याय पार्किंग सुबह ही फुल हो गई थी, जिससे हाईवे पर जाम लगना शुरू हो गया। इस दौरान रेलवे स्टेशन से शांतिकुंज, हरिपुरकलां और रायवाला जाने वाले आटो चालकों ने भी जाम से बचने के चक्कर में सवारियां बिठाने से इंकार कर दिया, जिससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। वहीं बाहरी राज्यों से आए कार चालकों की तीन-तीन लाइनें लगाने से स्थिति और बिगड़ गई। जाम खुलवाने के लिए सीपीयू के जवानों को भी पसीना बहाना पड़ा।