कोतवाली रानीपुर क्षेत्र की कालोनी टिबड़ी में अवैध शराब की बिक्री के खिलाफ लोगों का गुस्सा दूसरे दिन भी फूटा। लोगों ने एक महिला पर शराब बेचने का आरोप लगाते हुए उसके घर पर रातभर तालाबंदी करने के बाद सुबह सिटी मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में घर को खुलवाया। वहां से सात पेटी शराब बरामद हुई गिरफ्तार की गई तीन महिलाओं को आबकारी विभाग की टीम ने देर शम जमानत पर छोड़ दिया। लोगों ने गली-गली जुलूस निकालकर शराब की बिक्री बंद करने की मांग की।
टिबडी वासियों ने मंगलवार की देर रात एक महिला के घर पर घेराव किया था। आरोप लगाया था कि महिला शराब बेचती है। इससे कालोनी का माहौल बिगड़ रहा है। कई लोग शराब पीकर मर भी गए हैं। रात में पुलिस ने छापा भी मारा था लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की थी। रातभर धरना देने के बाद सुबह लोगों ने जमकर हंगामा किया। महिला के घर पर तालाबंदी किए बैठे लोगों को समाजसेवी अधीर कौशिक और जेपी बडोनी ने भी समर्थन दिया। पूर्व पालिकाध्यक्ष सतपाल ब्रह्मचारी भी समर्थन देने पहुंचे। उन्होंने कहा कि जो राजनीतिक दल शराब बेचने वालों को संरक्षण दे रहे हैं, उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जानी चाहिए।
सूचना पाकर सिटी मजिस्ट्रेट जयभारत सिंह ने लोगों की समस्या सुनीं और आबकारी टीम को बुलाकर घर की तलाशी ली। इस दौरान सात पेटी शराब मिली, जिसे आबकारी निरीक्षक दर्शन सिंह चौहान ने कब्जे में ले लिया। आरोपी महिला और उसकी दो सहयोगियों को गिरफ्तार भी किया गया जिन्हें बाद में जमानत पर छोड़ दिया गया।
प्रदर्शनकारियों में संदीप, मदनलाल, संतो देवी, राजदुलारी, ललिता, गीता देवी, विक्की, सोमप्रकाश, बिट्टू, राकेश नौटियाल, राजदुलारी, तारा, शांति देवी, गुड्डी, ममता देवी, संध्या आदि शामिल रहे।
पुलिस पर धमकाने का आरोप
टिबडी में प्रदर्शनकारियों से मिलने आए पूर्व पालिकाध्यक्ष सतपाल ब्ऱ्ह्मचारी को संदीप कुमार ने बताया कि कार्रवाई करने के बजाए कोतवाली रानीपुर प्रभारी ने उन्हें ही गिरफ्तार करने की चेतावनी दी है। इस पर सतपाल ब्रह्मचारी ने कोतवाल को फोन कर पुलिस की भूमिका पर नाराजगी जताई।