लोक माता देवी अहिल्याबाई होल्कर की जयंती शहर में सादगी के साथ मनाई गई। लॉकडाउन की बंदिशों के अंतर्गत सभी नियमों का पालन करते हुए आयोजित कार्यक्रमों में विशिष्ट प्रतिभाओं को सम्मानित भी किया गया।
अखिल भारतीय पाल महासभा के हरिद्वार स्थित प्रांतीय कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि समाजसेवी संजय मलिक और मुस्कान फाउंडेशन की अध्यक्ष एवं देह दान कार्यकर्ता नेहा मलिक ने दीप जलाकर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। उन्होंने देवी अहिल्याबाई होल्कर के जीवन वृतांत के बारे में विस्तार से बताया। कहा कि हिंदू धर्म की रक्षा के लिए जितना काम उन्होंने किया इतना किसी दूसरे राजा ने नहीं किया। राष्ट्रीय स्वाभिमान मिशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष विजय सिंह पाल ने बताया कि सबसे ज्यादा मंदिरों का पुनर्निर्माण उन्होंने ही कराया। इस दौरान विशिष्ट सेवाओं के लिए लॉकडाउन में जनसेवा करने वाली सर्व सेवा संगठन समिति की टीम आशीष जैन, दीपक प्रजापति और अन्य साथियों को सम्मानित किया गया। इसके अलावा चित्रकार नंदकिशोर गोला, गौ सेवा को समर्पित अनुराग शर्मा आदि को भी प्रशस्ति पत्र से अलंकृत किया गया। इस दौरान वरिष्ठ अधिवक्ता सज्जाद अहमद, उत्तराखंड पाल महासभा के प्रदेश अध्यक्ष विरेंद्र पाल, नैतिक संकल्प समिति के अध्यक्ष अनुराग शर्मा, वेद प्रकाश पाल, संदीप पाल, मनोज पाल, गौरव शर्मा, सोनम पाल, सुमनलता पाल, अरजु गुलाटी, सोनल शर्मा, महक शर्मा, मुस्कान सुखिजा और कनिष्का राजौरी आदि मौजूद रहे।
होल्कर समाज की संपत्तियां बचाने को हर लड़ाई लडे़ंगे: यतीश्वरानंद्र
श्यामपुर। लोक माता देवी अहिल्याबाई होल्कर की जयंती पर आयोजित कार्यक्रम में वक्ताओं ने उनके आदर्शों का अनुसरण करने का संकल्प दोहराया। ग्राम कांगड़ी में मुख्य अतिथि विधायक स्वामी यतीश्वरानंद ने मेधावी छात्रा मानसी पाल और पाल समाज के सबसे बुजुर्ग 105 वर्षीय बलवंत सिंह पाल को सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि देवी अहिल्याबाई होल्कर एक कुशल शासक थीं। उन्होंने पूरे देश में सबसे ज्यादा मंदिर बनवाए। उनके बनाये गए धार्मिक स्थलों पर कब्जा किया जाना दुर्भाग्यपूर्ण है। वे ऐसे स्थलों को बचाने के लिए समाज के साथ मिलकर हर स्तर पर लड़ाई लडे़ंगे। इस मौके पर अखिल भारतीय पाल युवा महासभा के प्रदेश अध्यक्ष सुशांत पाल, मास्टर क्रांति पाल, तरुण पाल, सुनील पाल, फकीर चंद, सुनील कुमार, सुनील प्रजापति, नंदराम पाल, राजेश पाल, विपुल पाल राम अवतार आदि ने अहिल्या बाई होल्कर को श्रद्धासुमन अर्पित किए।