हरिद्वार। ऋषिकुल आयुर्वेद कॉलेज में परीक्षाओं के भारी दबाव और शैक्षणिक अव्यवस्थाओं के चलते छात्र यशपाल के आत्महत्या जैसे कदम को लेकर एबीवीपी ने भी कड़ा विरोध जताया। संगठन से जुड़े छात्र और कार्यकर्ताओं ने मौके पर पहुंचकर परिसर निदेशक का घेराव किया। उन्होंने परीक्षा नियंत्रक समेत अन्य अधिकारियों से लिखित रूप में समाधान भी मांगा है।
संगठन के प्रदेश सह मंत्री विशाल भारद्वाज ने कॉलेज प्रशासन से कहा कि अब कोरे आश्वासनों से काम नहीं चलेगा। उन्होंने विश्वविद्यालय प्रशासन से सभी समस्याओं का लिखित रूप में समाधान मांगा। वहीं, जिला संगठन मंत्री अमन तोमर ने कहा कि जब तक छात्रों की समस्याओं का ठोस निराकरण नहीं होता, परिषद चुप नहीं बैठेगी। उन्होंने कहा कि अगर प्रशासन ने अपनी कार्यप्रणाली नहीं सुधारा तो आंदोलन को वृहद रूप दिया जाएगा।
संगठन के इस हंगामे के बाद पुलिस टीम के साथ एसडीएम जितेंद्र कुमार भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने आक्रोशित छात्रों को शांत करने का प्रयास किया। फिलहाल छात्र सोमवार को निर्णायक वार्ता के आश्वासन पर अपना विरोध प्रदर्शन बंद किए। उनका कहना है कि यदि विश्वविद्यालय के कुलपति और कुलसचिव स्वयं ऋषिकुल परिसर नहीं पहुंचे तो आंदोलन के स्वरूप को उग्र किया जाएगा। इस दौरान तुषार अग्रोही, सूर्या प्रताप, शुभम, अभिषेक, आस्था, शेखर आदि मौजूद रहे।